भास्कर अपडेट्स:CM फडणवीस बोले- भाषाओं को लेकर विवाद गैरजरूरी; स्टूडेंट के लिए हिंदी सीखने की अनिवार्यता को नए आदेश में हटा दिया है

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बुधवार को कहा कि राज्य में छात्रों के लिए हिंदी सीखने की अनिवार्यता को एक नए आदेश में हटा दिया गया है, और अब किसी भी भारतीय भाषा को तीसरी भाषा के रूप में चुना जा सकता है। विवाद बढ़ने के बाद महाराष्ट्र सरकार ने मंगलवार को एक आदेश जारी किया जिसमें कहा गया कि 1 से लेकर 5वीं तक के मराठी और अंग्रेजी मीडियम के स्कूलों में छात्रों को आमतौर पर तीसरी भाषा के रूप में हिंदी को पढ़ाया जाएगा। हिंदी अनिवार्य होने के बजाय आमतौर पर तीसरी भाषा होगी। अगर स्कूल में हर कक्षा में 20 छात्र हिंदी के अलावा किसी और भारतीय भाषा काे पढ़ने की इच्छा जताते हैं तो उन्हें इसका विकल्प दिया गया है। आज की अन्य बड़ी खबर पढ़ें… दिल्ली क्लासरूम घोटाले में ED की कार्रवाई, 37 जगहों पर छापेमारी दिल्ली में क्लासरूम निर्माण घोटाले को लेकर प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई की है। ईडी ने बुधवार को ठेकेदारों और निजी कंपनियों के 37 ठिकानों पर छापेमारी की। यह छापेमारी दिल्ली पुलिस की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा (ACB) की ओर से दर्ज की गई FIR पर की गई है। FIR में दिल्ली सरकार के तात्कालीन मंत्रियों के खिलाफ भी आरोप हैं। इन पर दिल्ली के अलग-अलग स्कूलों में अतिरिक्त क्लासरूम बनाने के दौरान घोटाले और गड़बड़ी करने का आरोप है। कलकत्ता हाईकोर्ट ने पश्चिम बंगाल सरकार की OBC लिस्ट अधिसूचना पर 31 जुलाई तक अंतरिम रोक लगाई कलकत्ता हाईकोर्ट ने सोमवार को पश्चिम बंगाल सरकार की अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) लिस्ट पर हाल ही में जारी अधिसूचना पर 31 जुलाई तक अंतरिम रोक लगा दी। जस्टिस तपब्रत चक्रवर्ती और जस्टिस राजा शेखर मंथा की बेंच ने OBC श्रेणी के तहत समुदायों के राज्य के वर्गीकरण को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए अंतरिम आदेश पारित किया। बेंच ने कहा कि OBC के 66 समुदायों के संबंध में जरूरी कदम उठाए जाने चाहिए। नई अधिसूचना में 140 समुदाय लिस्ट हैं। हालांकि, 1993 के कानून के तहत 2010 से पहले जारी किए गए OBC प्रमाण पत्र रोजगार और प्रवेश के लिए वैध हैं।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *