सागर वन मंडल की टीम ने राहतगढ़ के जंगल में काले हिरण के मांस और हथियार के साथ भोपाल के बीएचएमएस डॉक्टर वसीम खान और उसके दो साथियों को गुरुवार- शुक्रवार की रात को गिरफ्तार किया है। टीम ने 22 बोर की वह गन भी जब्त की है, जिसे डॉक्टर ने खुद मॉडिफाइड किया था। इसी गन से 3 फायर कर मादा काले हिरण का शिकार किया गया था। जांच में सामने आया कि हिरण का मांस भोपाल से मुंबई भेजा जाता था। घेराबंदी की : डीएफओ वरुण यादव के अनुसार, सूचना पर सर्च टीम बनाई। झाड़ियों में छिपकर इंतजार किया। रात 3 बजे दोनों कारें जंगल से बाहर आईं तो टीम ने पकड़ लिया। कार से 10 किलो मांस, खाल, दांत, गन, सागौन की लकड़ी बरामद हुई। डॉक्टर प्रोफेशनल शिकारी
डॉक्टर वसीम खान के पास खाल उतारने वाला चाकू, तेज धार का बका और मॉडिफाइड प्वाइंट-22 गन मिली। ट्रेनी आईएफएस जयप्रकाश के अनुसार, वह पहले भी खरगोश का शिकार कर चुका है। अब हिरण के शिकार के लिए राहतगढ़ आया। यहां ओमकार आदिवासी व राजू आदिवासी से मिला। यहीं शिकार की प्लानिंग की। मप्र स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स की बड़ी कार्रवाई… अंतरराष्ट्रीय वन्यजीव तस्कर यांगचेन गिरफ्तार मप्र स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स और वाइल्डलाइफ क्राइम कंट्रोल ब्यूरो को अंतरराष्ट्रीय वन्यजीव तस्करी के खिलाफ बड़ी सफलता मिली है। इंटरपोल रेड नोटिस पर वांछित अपराधी यांगचेन लाचुंगपा को 2 दिसंबर को सिक्किम के लाचुंग से गिरफ्तार कर लिया। 3 दिसंबर को गंगटोक कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने ट्रांजिट रिमांड देते हुए उसे मप्र भेजने का आदेश दिया। मामला नर्मदापुरम में आगे बढ़ाया जाएगा।


