मंतूराम हल्बा-हल्बी समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने गए

भास्कर न्यूज | बालोद अखिल भारतीय हल्बा, हल्बी आदिवासी समाज की राष्ट्रीय महासभा का गठन महाराष्ट्र के गोरेगांव (गोंदिया) में हुआ। इसमें पांचों क्षेत्रीय महासभाओं के पदाधिकारी और सदस्य शामिल हुए। इनमें मप्र बालाघाट, महाराष्ट्र गोरेगांव, 18 गढ़ बड़ेडोंगर, 32 गढ़ बड़ेडोंगर, 36 गढ़ केंद्रीय महासभा बालोद और केंद्रीय कर्मचारी प्रकोष्ठ के प्रतिनिधि शामिल थे। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि गढ़चिरौली के सांसद डॉ. एनडी कृषान थे। अध्यक्षता वीरेन्द्र कुमार चनाप ने की। पदाधिकारियों ने मिलकर समाज की नियमावली पर चर्चा की। अंतिम रूप देकर उसे सर्वसम्मति से पारित किया गया। इसके बाद राष्ट्रीय कार्यकारिणी के पदों पर निर्विरोध चुनाव हुआ। राष्ट्रीय अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, महासचिव, कोषाध्यक्ष, अंकेक्षक और प्रचार मंत्री चुने गए। पूर्व विधायक अंतागढ़-बस्तर संभाग मंतूराम पवार को राष्ट्रीय अध्यक्ष चुना गया। शिव पात्र 18 गढ़ बड़ेडोंगर से राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बने। पदेन उपाध्यक्ष वीरेन्द्र चनाप, लतेल नाईक, डॉ. एनडी कृषान और महेन्द्र कोठेवार को मनोनीत किया गया। श्याम सिंह तारम को राष्ट्रीय महासचिव और पून्ना लाल भंडारी को राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष चुना गया। समाज से गुटबाजी और अव्यवस्था को खत्म करना है: मंतूराम पवार मंतूराम पवार ने अध्यक्ष बनने के बाद कहा कि समाज में फैली गुटबाजी और अव्यवस्था को खत्म करना है। समाज को भाईचारा, समरसता और सहयोग की भावना से जोड़ना है। सरकार की योजनाओं को समय पर लागू कराने में समाज की भूमिका तय करनी है। महिलाओं, बच्चों और गरीब परिवारों के लिए विशेष कार्य करने की बात कही। मुख्य अतिथि डॉ. एनडी. कृषान ने समाज को एकजुट होकर कार्य करने, भाईचारा बढ़ाने और आर्थिक-सामाजिक उन्नति पर जोर दिया। पूर्व अध्यक्ष जीआर राना ने कहा कि हल्बा समाज देश के कई राज्यों में फैला है। सभी को एक मंच पर लाना अभी बाकी है। राष्ट्रीय महासभा का गठन समाज के लिए ऐतिहासिक कदम है। इससे समाज फिर से अपनी मौलिकता और समरसता की ओर लौटेगा।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *