राज्य सरकार के दो वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढ़म गुरुवार को नगर विधानसभा क्षेत्र के दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने आमजन की समस्याओं को सुना और प्रशासनिक अधिकारियों की उपस्थिति में सुशासन का उदाहरण प्रस्तुत किया। ग्राम आलमशाह में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम में बेढ़म ने आमजन के बीच बैठकर उनकी शिकायतें सुनीं। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं का समाधान उनके बीच जाकर ही संभव है। इस जनसुनवाई में पानी, बिजली, सड़क और राजस्व से संबंधित कई मामलों का मौके पर ही निस्तारण किया गया। मंत्री बेढ़म ने विभिन्न विभागों के उपखंड स्तरीय अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि फाइलों को अनावश्यक रूप से घुमाने की प्रक्रिया बंद होनी चाहिए और आमजन की समस्याओं का समाधान कागजों में नहीं, बल्कि धरातल पर दिखना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी पाए जाने पर संबंधित अधिकारी की जवाबदेही तय की जाएगी। इससे पहले मंत्री बेढ़म ने बेर्रू में ग्रामीण सेवा शिविर का औचक निरीक्षण भी किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकार की योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक बिना किसी बाधा के पहुंचना चाहिए। मंत्री ने दोहराया कि जनता से सीधा संवाद और समग्र विकास ही उनकी प्रतिबद्धता है। बेर्रू शिविर का औचक निरीक्षण जनसुनवाई के पश्चात गृहराज्य मंत्री ने ग्राम बेर्रू में आयोजित ‘ग्रामीण सेवा शिविर’ का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। बेढ़म ने एक-एक काउंटर पर जाकर पंजिकाओं की जांच की और वहां मौजूद कार्मिकों से आवेदनों की स्थिति पूछी। उन्होंने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि शिविर में आने वाले हर आवेदक को सम्मान मिले और उनका काम समयबद्ध तरीके से पूरा हो। पात्र व्यक्ति वंचित न रहे, अंत्योदय का दिया मंत्र निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को निर्देशित करते हुए गृह राज्य मंत्री ने कहा, “हमारी सरकार पंडित दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय के सिद्धांत पर कार्य कर रही है। यह सुनिश्चित करना प्रशासन का दायित्व है कि प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ बिना किसी तकनीकी बाधा के पहुँचे।” उन्होंने कहा कि पेंशन, पालनहार या खाद्य सुरक्षा जैसी योजनाओं में किसी भी प्रकार की कोताही अक्षम्य होगी। प्रशासनिक अमले की रही मौजूदगी इस पूरे दौरे के दौरान जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मंत्री के साथ मुस्तैद रहे। अतिरिक्त जिला कलेक्टर राजकुमार कस्वां और जिला परिषद के अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी मोहन सिंह ने मंत्री द्वारा दिए गए निर्देशों को नोट किया और उनके तत्काल क्रियान्वयन का आश्वासन दिया। इसके अतिरिक्त विभिन्न विभागों के जिला एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारी भी उपस्थित रहे।


