सानंद न्यास के मंच पर प्रशांत दामले फैन फाउंडेशन और गौरी थिएटर्स द्वारा निर्मित मराठी नाटक ‘गेला माधव कुणी कडे’ का मंचन किया गया। इस क्लासिक सिचुएशनल कॉमेडी नाटक ने दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया। चार दशकों से मराठी रंगमंच पर राज करने वाले कॉमेडी किंग प्रशांत दामले ने माधव की भूमिका में अपनी बेहतरीन टाइमिंग, एक्सप्रेशन और डायलॉग डिलीवरी से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। 19 साल बाद फिर से मंच पर लाया गया यह नाटक दो मित्रों माधव और उद्धव की कहानी पर आधारित है। नाटक में प्रशांत दामले का फेमस डायलॉग ‘अरे हाय काय अन् नाय काय’ आज भी दर्शकों के बीच उतना ही लोकप्रिय है। विनय येडेकर, नीता पेंडसे, तन्वी पालव, राजसिंह देशमुख और अक्षता नाईक ने भी अपनी-अपनी भूमिकाओं में शानदार अभिनय किया। बहुमुखी प्रतिभा के धनी राजीव शिंदे ने नाटक का निर्देशन किया है। उन्होंने न केवल निर्देशन किया बल्कि संगीत और मंच सज्जा भी संभाली। वसंत सबनीस द्वारा लिखे गए इस नाटक के अब तक 1800 से अधिक प्रयोग हो चुके हैं। प्रकाश खोत के ध्वनि संयोजन और किशोर इंगले की प्रकाश योजना ने नाटक की प्रस्तुति को और भी बेहतर बनाया। बैकस्टेज आर्टिस्ट नाटक के लेखक – वसंत सबनीस, दिग्दर्शन, नेपथ्य, संगीत – राजीव शिंदे, प्रकाश योजना – किशोर इंगळे, ध्वनि संयोजन – प्रकाश खोत, सूत्रधार – अजय कासुर्डे, निर्माता – प्रशांत दामले फैन फाउंडेशन, गौरी थिएटर्स शनिवार और रविवार को चार शो सानंद न्यास के अध्यक्ष जयंत भिसे और मानद सचिव संजीव वावीकर ने बताया कि नाटक ‘गेला माधव कुणी कडे’ का मंचन 11 जनवरी शनिवार को अपराह्न 4 बजे, रामू भैया दाते समूह के लिए। सायं. 7.30 बजे, राहुल बारपुते समूह के लिए इसी प्रकार 12 जनवरी रविवार को अपराह्न 4 बजे वसंत समूह के लिए एवं सायं 7.30 बजे बहार समूह के लिए होगा।


