डीग जिले के जनूथर थाना इलाके में हुए मर्डर की जांच बदलवाने के लिए मृतक के परिजन आईजी से मिले। मृतक के परिजनों ने बताया कि आरोपियों ने राजनीतिक पहुंच का इस्तेमाल करते हुए पहले वाले जांच अधिकारी का ट्रांसफर करवा दिया। अब जो अधिकारी जांच कर रहा है वह आरोपियों को बचाना चाहता है। इसलिए जांच अधिकारी को बदला जाए। बच्ची के अपहरण की कोशिश नवल सिंह निवासी नाहरौली थाना जनूथर जिला डीग ने आईजी को शिकायत देते हुए बताया की 20 सितंबर सुबह 7 बजे की बात है। मेरे छोटे भाई की पत्नी बबीता और मेरी बेटी छवि घर पर थी। तभी लोकेंद्र, गुड्डी, हरकेश, जितेंद्र, धर्मवती घर पर आये। सभी के हाथों में लाठी डंडे और हथियार थे। लोकेंद्र ने छवि के माथे पर कट्टा रख दिया और छवि का अपहरण कर ले जाने लगे। जैसे ही मेरे छोटे भाई पूरन और उसकी पत्नी बबीता ने उन्हें देखा तो, वह छवि को बचाने की कोशिश करने लगे। थाने से लौटते समय फिर से की मारपीट तभी सभी लोगों ने पूरन और बबीता से मारपीट शुरू कर दी। चिल्लाने की आवाज सुन जब आसपास के लोग मौके पर पहुंचे तो, सभी लोग वहां से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही नवल सिंह घर पहुंचा और, पुलिस को शिकायत देने के लिए जनूथर थाने पर गया। तभी पुलिस ने नवल के साथ गए दो व्यक्तियों को थाने पर ही बैठा लिया। नवल अपनी बेटी छवि और छोटे भाई की पत्नी बबीता के साथ घर पर आ रहा था। तभी रास्ते में उन्हें तालेवर, सौरभ, रघुनाथ, गुड्डी, सुमित्रा ने तीनों को घेर लिया और फिर से मारपीट करना शुरू कर दिया। भतीजे को बचा रहे चाचा का किया मर्डर जब नवल घर आया तो, फिर से सभी ने नवल और उसके परिजनों से मारपीट करना शुरू कर दिया। नवल अपनी जान बचाने के लिए अपने चाचा पूरन सिंह के घर में घुस गया। पूरन सिंह ने नवल को बचाने की कोशिश करने लगा। तभी लोगों ने धारदार हथियार से पूरन सिंह की हत्या कर दी। जिसकी FIR पूरन सिंह के परिजनों ने जनूथर थाने में करवा दी लेकिन, मर्डर की जांच से पहले ही आरोपियों ने राजनीतिक पहुंच का इस्तेमाल करते हुए जांच अधिकारी का ट्रांसफर करवा दिया। जांच अधिकारी बदलने की मांग अब जो अधिकारी मर्डर की जांच कर रहे हैं वह आरोपियों को बचाने के पक्ष में हैं। इसलिए नवल सिंह और उसके परिजनों ने आईजी से मांग रखी की जांच अधिकारी को बदला जाए। जिससे आरोपियों को सजा मिल सके।


