राजधानी के प्राचीन महादेव घाट का जल्द स्वरुप बदलने वाला है। उज्जैन के महाकाल कॉरिडोर की तर्ज पर रायपुर में महादेव कॉरिडोर का निर्माण कार्य शुरू होगा। करीब 20 करोड़ रुपए की लागत से धार्मिक और पर्यटन को ध्यान रखते हुए इसे डेवलप करने की तैयारी है। रविवार को रायपुर पश्चिम विधायक राजेश मूणत, रायपुर नगर निगम मेयर मीनल चौबे ,सभापति सूर्यकांत राठौर और रायपुर निगम कमिश्नर विश्वदीप समेत निगम अधिकारियों द्वारा महादेव कॉरिडोर का प्रेजेंटेशन को देखा गया । जिसमें महादेव कॉरिडोर के निर्माण की पूरी जानकारी बताई गई। मंदिर परिसर और नदी के घाटों को संवारा जाएगा नगर निगम ने अलग-अलग चरण में इस काम को पूरा करेगा। पहले चरण के लिए 20 करोड़ का बजट तैयार किया गया है। इसमें महादेव घाट चौक से मंदिर परिसर और नदी के घाटों को संवारा जाएगा। मंदिर से प्रवेश करने के दौरान आस-पास लगी दुकानों को हटाकर व्यवस्थित करने की तैयारी है। वही जो लोग अवैध तरीके से कब्जा कब्जा करके दुकानों का संचालन कर रहे है। उन्हें भी हटाने की तैयारी है। ये काम किया जाएगा जल्द होगा काम शुरू रायपुर मेयर मीनल चौबे ने बताया कि महादेव घाट का सौंदर्यीकरण और विकास करने का प्लान तैयार कर लिया गया है। इस स्थल का ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व का है। शहर के लोगों की आस्था यहां से जुड़ी है। बड़ी संख्या में यहां लोग पहुंचते है। पूरे हिस्से को एक कॉरिडोर के रूप में डेवलप किया जा रहा है। वर्तमान में यहां अव्यवस्था रहती है। लोगों को पार्किग की सुविधा भी नहीं है। यहां के ऐतिहासिक महत्व को देखते हुए इसे डेवलप किया जाएगा। धार्मिक के साथ ही पर्यटन स्थल के रुप में इसे डेवलप करने का काम जल्द शुरू होगा।


