छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले के शिवरीनारायण में महानदी में डूबते लोगों को बचाने का सफल अभ्यास किया गया। बिलासपुर से पहुंची SDRF और नगर सेना की टीम ने कबाड़ से बनाए गए उपकरणों की मदद से यह रेस्क्यू ऑपरेशन किया। नगर सेना के डिस्ट्रिक्ट कमांडेंट ने बताया कि बचाव उपकरण कबाड़ के डिब्बे, बॉटल और थर्मोकोल को बांस से बांधकर बनाए गए हैं। इन उपकरणों को ग्रामीण भी आपदा के समय आसानी से बना सकते हैं। शिवरीनारायण में बरसात के दौरान बाढ़ की स्थिति बन जाती है। गंगरेल बांध से पानी छोड़े जाने पर अक्सर लोग टापुओं में फंस जाते हैं। इस क्षेत्र में महानदी, शिवनाथ नदी और जोक नदी का त्रिवेणी संगम है, जहां पर्यटक भी आते हैं। कलेक्टर ने किया बचाव अभ्यास का निरीक्षण कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने बचाव अभ्यास का निरीक्षण किया। उन्होंने बाढ़ आपदा से बचाव के लिए किए गए इंतजाम को और विकसित करने की बात कही। साथ ही शिवरीनारायण में नगर सेना के मैनपावर को बढ़ाने का आश्वासन दिया। कलेक्टर ने नगर पंचायत, पुलिस और राजस्व अधिकारियों को प्राकृतिक आपदा से बचाव के लिए आपसी समन्वय बनाकर काम करने के निर्देश दिए।


