ग्वालियर साइबर क्राइम विंग ने म्यूल बैंक खातों की खरीद-फरोख्त करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह के दो और सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में गुजरात निवासी शैलेंद्र पटेल और राजस्थान निवासी मुकेश कुमार चौधरी शामिल हैं। पुलिस ने उन्हें तब हिरासत में लिया जब वे ग्वालियर सेंट्रल जेल में अपने पहले से गिरफ्तार साथियों से मिलने आ रहे थे। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि शैलेंद्र पटेल और मुकेश चौधरी सीधे तौर पर विदेशी साइबर ठगों के संपर्क में थे। वे व्हाट्सएप के जरिए नाइजीरिया, कैमरून और चीन के साइबर अपराधियों से जुड़े हुए थे। ये आरोपी भारत में लोगों के बैंक खाते खरीदते थे, जिन्हें ‘म्यूल अकाउंट’ कहा जाता है। इन म्यूल खातों को बाद में विदेशी साइबर ठगों को मोटी रकम लेकर बेचा जाता था। विदेशी ठग इन खातों का उपयोग भारत में ऑनलाइन ठगी, फर्जी कॉल, लिंक और ओटीपी फ्रॉड के माध्यम से लोगों से ठगी गई रकम को अपने देशों में ट्रांसफर करने के लिए करते थे। इस नेटवर्क के जरिए लाखों-करोड़ों रुपए की साइबर ठगी को अंजाम दिया गया है। गौरतलब है कि ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने 23 दिसंबर को इसी गिरोह के सात सदस्यों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। शैलेंद्र पटेल और मुकेश चौधरी की गिरफ्तारी के साथ, इस मामले में अब तक कुल नौ आरोपियों को पकड़ा जा चुका है। पुलिस का मानना है कि इन आरोपियों से पूछताछ के दौरान गिरोह से जुड़े और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं।


