राजसमंद झील में पानी का गेज रविवार को 29.70 फीट के पार पहुंच गया है। अब राजसमंद झील के लबालब होने के लिए महज 3 इंच पानी की और जरूरत है। झील का पानी सीढ़ियों से होते हुए अम्बा माता गेवर माता के मंदिर तक पहले ही पहुंच गया था। अब इंतजार है कि पानी गेवर माता के चरणों को छुए ये वाटर लेवल है झील के छलकने का। वही दूसरी ओर एरिगेशन पर झील का गेज भी 30 फीट पूरा हो जाएंगा। नवरात्रि की शुरुआत में झील छलकने के आसार
झील छलकने का काउंटडाउन शुरू हो गया है। शहरवासियों को उम्मीद है कि नवरात्रि की शुरुआत के साथ ही झील छलकने की खुश खबरी मिले। झील में पानी की आवक लगातार जारी है।
झील का पानी देखने के लिए बड़ी संख्या स्थानीय नागरिक व पर्यटक नौ चौकी पाल पहुंच रहे। इसके अलावा झील के पानी में नहाने वालों की संख्या भी बढ़ गई। कई गांवों के लोगों को होगा फायदा
झील का कुल भराव 3786 एमसीएफटी है। झील के पानी से राजसमंद शहर में डेढ़ लाख से अधिक लोगों के लिए पेयजल आपूर्ति होती है। इसके अलावा झील के पानी पर आसपास के दर्जनों गांवों के किसानों को सिंचाई के लिए पानी मिलता है। झील के पानी से सावधानी जरूरी
झील के लबालब होने के साथ ही अब झील के पानी से सावधानी बहुत जरूरी हो गई है। क्योंकि झील 30 फीट गहरी है और झील पर सैर सपाटा व सेल्फी के चक्कर में जरा सी चूक बड़ी दुर्घटना घटित कर सकती है। ऐसे में अब झील पर गोताखोरों की तैनाती करनी होगी। जिससे कि किसी भी प्रकार की अनहोनी से बचा जा सके।


