हाई कोर्ट में मौजूदा 50 जजों की संख्या जल्द ही बढ़ेगी। हाईकोर्ट प्रशासन ने राज्य सरकार को जजों की संख्या बढ़ाने का प्रस्ताव भेजा है। सरकार हाईकोर्ट प्रशासन के इस प्रस्ताव को सुप्रीम कोर्ट व केन्द्र को भेजेगी। हाईकोर्ट प्रशासन ने जजों के 10 पद बढ़ाने का प्रस्ताव भेजा है। प्रस्ताव मंजूर होने पर जजों की संख्या 60 हो जाएगी। फिलहाल कुल 50 पद हैं। इनमें भी 11 पद खाली हैं। वहीं उत्तरप्रदेश, पंजाब व हरियाणा, दिल्ली, मध्यप्रदेश, गुजरात में जजों की संख्या ज्यादा है। गौरतलब है कि देशभर के हाईकोर्ट में 63.8 लाख केस पेंडिंग हैं, जबकि राजस्थान हाईकोर्ट में 6.85 लाख केस पेंडिंग चल रहे हैं। गौरतलब है कि इससे पहले 2018 में राजस्थान हाईकोर्ट में जजों के पदों की संख्या को 40 से बढ़ाकर 50 किया था। राजस्थान हाईकोर्ट में जजों की संख्या बढ़ने से ज्यादा पदों पर नियुक्तियां हो सकेंगी और इससे केसों की पेंडेंसी में भी कमी आएगी। वहीं बीसीआर चेयरमैन भुवनेश शर्मा का कहना है कि हाईकोर्ट में केसों की पेंडेंसी लगातार बढ़ रही है। ऐसे में हाईकोर्ट में जजों की संख्या को 50 से बढ़ाकर 75 करना चाहिए जिससे केसों के निस्तारण में भी तेजी आएगी।


