फिरोजपुर से कांग्रेस सांसद शेर सिंह घुबाया द्वारा पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को इस्तीफा देने की सलाह दिए जाने के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। घुबाया के बयान के विरोध में फाजिल्का में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया तथा चौक घंटाघर पर उनका पुतला फूंककर पार्टी नेतृत्व से अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग की। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी भी की। प्रदर्शन में शामिल कांग्रेस नेताओं का कहना था कि पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को सार्वजनिक मंचों पर ऐसे बयान देने से बचना चाहिए, क्योंकि इससे संगठन की एकजुटता प्रभावित होती है। इस मौके पर पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग के करीबी सहयोगी और फाजिल्का के कांग्रेस नेता समरबीर सिंह सिद्धू ने कहा कि राहुल गांधी देशभर में कांग्रेस को मजबूत करने के लिए लगातार संघर्ष कर रहे हैं। ऐसे समय में पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के खिलाफ सार्वजनिक बयान देना अनुशासन के खिलाफ है। समरबीर सिंह सिद्धू बोले- राजा वड़िंग कठिन परिस्थितियों में भी कांग्रेस को आगे बढ़ा रहे सिद्धू ने कहा कि राजा वड़िंग कठिन परिस्थितियों में भी पंजाब कांग्रेस को मजबूती से आगे बढ़ाने का काम कर रहे हैं और लगातार कार्यकर्ताओं के संपर्क में हैं। उन्होंने कहा कि यदि किसी नेता को कोई मतभेद है तो उसे सार्वजनिक रूप से व्यक्त करने के बजाय पार्टी के आंतरिक मंच पर उठाया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस पार्टी ने शेर सिंह घुबाया और उनके परिवार को सम्मान दिया है। पार्टी ने शेर सिंह घुबाया को फिरोजपुर लोकसभा सीट से सांसद बनाया, जबकि उनके बेटे देवेंद्र घुबाया को फाजिल्का विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाया गया। इसके बावजूद इस प्रकार का बयान देना कई सवाल खड़े करता है। कांग्रेस नेताओं ने पार्टी हाईकमान से मामले का संज्ञान लेकर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।


