छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में प्रदेश अक्षय ऊर्जा क्रेड़ा अध्यक्ष की प्रेसवार्ता में रोजगार गारंटी योजना में किए गए सुधारों को लेकर विस्तार से जानकारी दी गई। जिसमें क्रेड़ा अध्यक्ष भूपेंद्र सवन्नी ने बताया कि मनरेगा में मौजूद विसंगतियों को दूर करने के लिए जी राम जी योजना लागू की जा रही है। कांग्रेस द्वारा किए जा रहे विरोध के संबंध में उन्होंने कहा कि आखिर कांग्रेस और इंडी गठबंधन को विकसित भारत और भगवान राम के नाम से इतनी नफरत क्यों है, कांग्रेस कितनी भी साजिश रच ले, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा लागू की जा रही विभिन्न योजनाओं की पारदर्शिता की वजह से देश 2047 तक विकसित भारत बन कर रहेगा। योजना के उद्देश्य के संबंध में कहा कि हर गरीब को रोजगार मिले यही मुख्य उद्देश्य है। वहीं उन्होंने बताया कि गरीब, जनजाति और पिछड़ों को रोजगार मिल सके इसलिए यह कानून लाया गया है। नई योजना का लाभ बताते हुए कहा काम के ज्यादा दिनों के साथ साथ मजदूरों को जल्दी पारिश्रमिक मिलेगा। हर ग्रामीण परिवार को हर साल 125 दिन के रोजगार की गारंटी मिलेगी। वन क्षेत्र में काम करने वाले एसटी कामगारों को 25 दिन का रोजगार और अधिक मिलेगा। मोदी सरकार ने सबसे अधिक खर्च किए
क्रेड़ा अध्यक्ष ने बताया कि मनरेगा पर अब तक 11.74 लाख करोड़ रुपयों में सबसे अधिक खर्च मोदी सरकार ने 8.53 लाख करोड़ रुपये खर्च किए हैं। उन्होंने बताया कि रोजगार योजना का नाम पहले से महात्मा गांधी जी के नाम पर नहीं था। 1980 में इंदिरा गांधी ने सभी पुरानी रोजगार योजनाओं को मिला कर राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार कार्यक्रम योजना का नाम दिया। जिसे राजीव गांधी ने जवाहर रोजगार योजना का नाम दे दिया। सोनिया-मनमोहन की सरकार ने 2004 में इसे नरेगा कर दिया गया। जिसे फिर 2005 में मनरेगा किया गया। कांग्रेस की सरकार ने जब जवाहर रोजगार योजना का नाम बदला था तो क्या यह पंडित जवाहरलाल नेहरू का अपमान नहीं था?
अब रियल टाइम डेटा अपलोड होगा
कांग्रेस की सरकार में मनरेगा में मौजूद विसंगतियों का जिक्र करते हुए भूपेंद्र सवन्नी ने कहा इस योजना में पारदर्शिता का अभाव रहा है, लेकिन परिस्थिति बदलने के बाद इसे पूरी तरह से पारदर्शी बनाया गया है। अब इसमें रियल टाइम डेटा अपलोड होगा। जीपीएस और मोबाइल मॉनिटरिंग होगी और एआई के द्वारा फ्रॉड डिटेक्शन होगा। इससे सही लाभार्थियों को काम मिलेगा और उनके जीवन स्तर में सुधार आएगा।
4 प्राथमिकताएं तय की गई
उन्होंने बताया कि नए सुधार के तहत 4 प्राथमिकताएं तय की गई है। जिनमें जल संबंधी कार्य, कोर-ग्रामीण बुनियादी ढांचा का निर्माण,आजीविका संबंधी बुनियादी ढांचा का निर्माण और खराब मौसम के कारण काम में कमी को कम करना है। इससे जल सुरक्षा से खेती को बढ़ावा मिलेगा। सड़कें और कनेक्टिविटी से बाजार में सुधार होगा। भंडारण और आजीविका संपत्तियां ग्रामीण आय में वृद्धि लाएगी और जलवायु-अनुकूल कार्य गांवों को सशक्त बनाएंगे। इसके अलावा भी इस योजना का लाभ लोगों को मिल सकेगा।
इनकी रही मौजूदगी
प्रेसवार्ता के दौरान काफी संख्या में भाजपा के पदाधिकारी मौजूद रहे। जिसमें रायगढ़ जिला संगठन प्रभारी प्रशांत सिंह ठाकुर, अरुण धर दीवान,सत्यानंद राठिया, गुरुपाल भल्ला, सतीश बेहरा, विवेक रंजन सिन्हा, विकास केडिया, जतिन साव समेत अन्य भाजपा कार्यकार्ता मौजूद थे।


