रायपुर के बीटीआई ग्राउंड में छत्तीसगढ़ के शिल्प और लोकनृत्य से सजा 17 दिवसीय गोंडवाना महोत्सव का भव्य आगाज हो चुका है। यह महोत्सव 28 नवंबर से 14 दिसंबर तक चलेगा और सभी के लिए प्रवेश निःशुल्क है। इस प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़ के दूरदराज के क्षेत्रों के शिल्पकार और बुनकर अपनी उत्कृष्ट कलाकृतियां दिखा रहे हैं। महोत्सव में आदिवासी लोकनृत्य और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति भी हो रही है। राजधानी रायपुर का बीटीआई ग्राउंड इन धुनों और रंगों से गूंज उठा। कलाकारों की कलाकृतियां दर्शकों को कर रही आकर्षित महोत्सव का आयोजन मां पीतांबरा जन सेवा समिति की ओर से किया गया है और इसका प्रायोजन हाउसिंग बोर्ड कर रहा है। असम की तर्ज पर बना भव्य गेट दर्शकों को आकर्षित कर रहा है। देश-भर के प्रसिद्ध कलाकारों की कलाकृतियां भी प्रदर्शित हैं, जिन्हें लोग काफी पसंद कर रहे हैं। गोंडवाना महोत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रम और प्रतियोगिताएं शुरू आयोजकों वैभव सिंह सिसोदिया और सौरभ सिंह सिसोदिया ने बताया कि हर साल की तरह इस वर्ष भी महोत्सव बड़े पैमाने पर आयोजित किया गया है। महोत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रम और प्रतियोगिताएं भी चल रही हैं। इच्छुक प्रतिभागी रजिस्ट्रेशन कर प्रतियोगिता में हिस्सा ले सकते हैं। प्रतियोगिताओं में बच्चे और महिलाएं भी भाग ले सकती हैं। महोत्सव का शुभारंभ वरिष्ठ प्रचारक और समाजसेवी धर्मेंद्र चंद्रा और राजेश भार्गव ने किया। महोत्सव में हैंडमेड और हैंडलूम की वस्तुएं, ऑटोमोबाइल, फूड ज़ोन, घरेलू उपकरण, फर्नीचर, प्रॉपर्टी, ज्वेलरी और मनोरंजन की कई स्टॉल लगी हैं। लोगों को भारी छूट भी मिल रही है। पहली बार यहाँ 28 सीटर जॉइंट व्हील झूला, ड्रैगन, पैंथर और बच्चों के लिए कई झूले भी लगाए गए हैं।


