अमृतसर | अमृतसर स्थित ईएमसी अस्पताल के विख्यात विशेषज्ञ डॉ. अजय अबरोल ने रूमेटॉइड आर्थराइटिस को एक गंभीर ऑटोइम्यून बीमारी बताते हुए कहा कि समय पर इसकी पहचान और उपचार बेहद अनिवार्य है। इस रोग में शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली जोड़ों पर हमला कर देती है, जिससे दर्द, सूजन और स्थायी नुकसान का खतरा रहता है। डॉ. अबरोल के अनुसार, सुबह की अकड़न और थकान जैसे लक्षणों को नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है, लेकिन आधुनिक दवाओं, फिजियोथेरेपी और जीवनशैली में बदलाव (जैसे संतुलित आहार और व्यायाम) के माध्यम से मरीज पुनः सामान्य जीवन की ओर लौट सकता है। ईएमसी अस्पताल में उपलब्ध आधुनिक जांच तकनीकों और विशेषज्ञ मार्गदर्शन के साथ अब इस बीमारी को प्रभावी ढंग से नियंत्रित करना संभव है, जिससे पीड़ित व्यक्ति एक सक्रिय और दर्द-मुक्त भविष्य सुनिश्चित कर सकता है।


