भास्कर न्यूज | जशपुरनगर जशपुरनगर के शासकीय नवीन महाविद्यालय, सन्ना में राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के अवसर पर भव्य एवं प्रेरणादायक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। महान भारतीय वैज्ञानिक डॉ. सी.वी. रमन द्वारा ‘रमन प्रभाव’ की खोज की स्मृति में मनाए जाने वाले इस दिवस का उद्देश्य विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित करना और नवाचार की भावना को प्रोत्साहित करना रहा। इस वर्ष कार्यक्रम ‘विज्ञान में महिलाएं, विकसित भारत को गति देने वाली’ विशेष थीम पर आधारित था, जिसने विज्ञान के क्षेत्र में नारी शक्ति के योगदान को केंद्र में रखा। कार्यक्रम का शुभारंभ सहायक प्राध्यापक अमीना कुजूर और बबीता पटेल द्वारा मां सरस्वती तथा डॉ. सी.वी. रमन के तैलचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। प्रारंभिक संबोधन में वक्ताओं ने राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि वैज्ञानिक सोच समाज को अंधविश्वास से मुक्त कर प्रगति की ओर अग्रसर करती है। प्राध्यापक रविशंकर बैगा ने कहा कि वैज्ञानिक सोच, तार्किक विश्लेषण और निरंतर अनुसंधान ही विकसित राष्ट्र की सच्ची नींव हैं। कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण विज्ञान संकाय के छात्र-छात्राओं द्वारा आयोजित मॉडल प्रदर्शनी रही। विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मकता और तकनीकी दक्षता का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। कार्यकारी मॉडलों में भूकंप सूचक यंत्र और रॉकेट प्रक्षेपण का वर्किंग मॉडल विशेष रूप से सराहनीय रहा। इसके अतिरिक्त गणितीय नवाचार के अंतर्गत विद्यार्थियों ने गणितीय सूत्रों को सरल बनाने वाले अभिनव मॉडल प्रदर्शित किए, जिसने दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया। कार्यक्रम के दौरान ‘विज्ञान प्रश्नोत्तरी’ प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। अंत में मॉडल प्रदर्शनी और प्रश्नोत्तरी में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। गणित के सहायक प्राध्यापक क्ष्मण कुमार प्रजापति ने विद्यार्थियों को शोधपरक दृष्टिकोण अपनाने की सलाह देते हुए कहा कि विज्ञान केवल पाठ्यपुस्तकों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जीवन के हर क्षेत्र में उपस्थित है। वहीं रसायन शास्त्र की प्राध्यापिका बबीता पटेल ने दैनिक जीवन में रसायन विज्ञान की उपयोगिता को सरल उदाहरणों के माध्यम से समझाया और विद्यार्थियों को प्रयोगात्मक अध्ययन के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के समस्त शैक्षणिक स्टाफ तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।


