विदिशा की नई कृषि उपज मंडी के बाहर सोमवार को किसानों ने चक्का जाम कर दिया। फसल के दामों में अचानक गिरावट से नाराज किसानों ने व्यापारियों पर मनमाने भाव लगाने का आरोप लगाया। इस प्रदर्शन के कारण मंडी के बाहर मुख्य मार्ग पर यातायात बाधित हो गया। शमशाबाद क्षेत्र के भैयाखेड़ी गांव से आए किसान अर्जुन मीणा ने बताया कि तीन दिन पहले उन्हें अपनी फसल के लिए 3750 रुपये प्रति क्विंटल का भाव मिला था। हालांकि, सोमवार को उसी फसल का दाम घटकर 3300 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि मंडी में व्यापारियों की मनमानी चल रही है। फसलों के दाम गिरने से किसानों में नाराजगी
इस मामले में व्यापारी पक्ष का कहना है कि फसलों के भाव ऊपर से तय होते हैं। व्यापारी आशीष माहेश्वरी ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से भाव लगातार बढ़ रहे थे, लेकिन सोमवार को लगभग 100 से 200 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट दर्ज की गई। उन्होंने स्पष्ट किया कि व्यापारियों ने नीलामी बंद नहीं की थी, बल्कि किसानों के हंगामे के कारण नीलामी प्रभावित हुई। प्रशासन ने जाम खुलवाया
चक्का जाम की सूचना मिलने पर स्थानीय एसडीएम क्षितिज शर्मा मौके पर पहुंचे। उन्होंने किसानों और व्यापारियों से बात कर स्थिति को शांत कराया और समझाइश देकर चक्का जाम खुलवाया। इसके बाद यातायात और मंडी की गतिविधियां सामान्य हो गईं। प्रशासन ने किसानों की समस्याओं पर आगे चर्चा और समाधान का आश्वासन दिया है।


