हरदा जिले के ग्राम सोनतलाई में गुरुवार को शहीद इलापसिंह माइक्रो उद्वहन सिंचाई परियोजना के अंतर्गत पाइप लाइन बिछाने का कार्य शुरू किया गया। इस दौरान केंद्रीय राज्यमंत्री डीडी उइके और पूर्व कृषि मंत्री कमल पटेल मौजूद थे। यह परियोजना जिले के 118 गांवों की लगभग एक लाख एकड़ भूमि को नर्मदा जल से सिंचित करेगी। आरके दोगने ने कहा- कमल पटेल ने केंद्रीय राज्यमंत्री का अपमान किया आज शुक्रवार को कांग्रेस विधायक डॉ. आरके दोगने ने एक प्रेसवार्ता में आरोप लगाया कि पूर्व मंत्री कमल पटेल ने इस योजना का “फर्जी तरीके से भूमि पूजन” कर केंद्रीय राज्यमंत्री डीडी उइके का अपमान किया है। उन्होंने यह भी कहा कि इस आयोजन में कोई भी शासकीय अधिकारी मौजूद नहीं था। डॉ. दोगने के अनुसार, केंद्रीय मंत्री का पद संवैधानिक होता है और उसकी अपनी गरिमा है। उन्होंने कहा कि पटेल ने केंद्रीय मंत्री की उपस्थिति में स्वयं को मुख्य अतिथि के रूप में प्रस्तुत कर भूमि पूजन किया, जो अनुचित था। विधायक ने इसे आदिवासी समुदाय से आने वाले केंद्रीय मंत्री का अपमान बताया और भाजपा को आदिवासी विरोधी करार दिया। कमल पटेल बोले- केंद्रीय मंत्री सम्मान किया गया इस मामले पर पूर्व मंत्री कमल पटेल ने कहा कि क्षेत्र की जनता ने योजना की पाइप लाइन बिछाने की शुरुआत होने पर केंद्रीय मंत्री और उनका सम्मान किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस योजना का शुभारंभ तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान के मुख्य आतिथ्य में 29 सितंबर 2023 को पहले ही किया जा चुका है। कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय राज्यमंत्री उइके ने इस योजना की शुरुआत का पूरा श्रेय पूर्व मंत्री कमल पटेल को दिया था।


