वैज्ञानिकों की ओर से लिखित कृषि साहित्य को अपनी दुकानों पर रखें

भास्कर न्यूज| लुधियाना कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां ने पंजाब कृषि प्रबंधन एवं विस्तार प्रशिक्षण संस्थान में 40 इनपुट डीलरों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए। उन्होंने कहा कि ये डीलर किसानों को गुणवत्तापूर्ण और अनुशंसित बीज, उर्वरक उपलब्ध कराने में सक्रिय भूमिका निभा सकते हैं। साथ ही पाठ्यक्रम के दौरान प्राप्त ज्ञान के माध्यम से राज्य की खेती को मजबूत करने और किसानों को सशक्त बनाने में भी सहयोगी बन सकते हैं। मंत्री ने बताया कि इनपुट डीलर सटीक और अद्यतन जानकारी का एक महत्वपूर्ण स्रोत हैं, जो किसानों के लिए कृषि अनुकूल कीटनाशकों, उर्वरकों, खाद और अन्य कृषि इनपुट चुनने में सहायक होते हैं। उन्होंने इन डीलरों को किसानों का प्रथम संपर्क बिंदु बताते हुए आग्रह किया कि वे फसल के अनुसार गुणवत्तापूर्ण इनपुट चुनने में किसानों का मार्गदर्शन करें। उन्होंने नए प्रमाणित डीलरों से अपील की कि वे अपने प्रशिक्षण का उपयोग करते हुए आधुनिक कृषि पद्धतियों की जानकारी किसानों तक पहुंचाएं ताकि उत्पादन और उत्पादकता दोनों बढ़ सकें। गुरमीत सिंह खुड्डियां ने कहा कि कृषि पंजाब की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और किसानों को उन्नत खेती की जानकारी उपलब्ध कराने में इनपुट डीलरों की महत्वपूर्ण भूमिका हो सकती है। उन्होंने कहा कि डीलरों की सबसे बड़ी खूबी यही है कि वे किसानों को न केवल सही जानकारी देते हैं, बल्कि प्रामाणिक और उच्च गुणवत्ता वाले उर्वरकों, कीटनाशकों और बीजों की आपूर्ति सुनिश्चित करके किसानों के कल्याण को प्राथमिकता भी देते हैं। मंत्री ने यह भी चेतावनी दी कि घटिया या नकली उत्पादों की बिक्री किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि पंजाब की समृद्ध कृषि विरासत को बनाए रखने के लिए नैतिक व्यापारिक व्यवहार अनिवार्य हैं। इस अवसर पर डॉ. कंवर बरजिंदर सिंह, संयुक्त निदेशक डॉ. दिलबाग सिंह आदि मौजूद थे। मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां ने डीलरों को पंजाब कृषि विश्वविद्यालय (पीएयू) के विशेषज्ञों और अन्य प्रसिद्ध वैज्ञानिकों द्वारा लिखित कृषि साहित्य को अपनी दुकानों पर रखने और वितरित करने के लिए भी प्रोत्साहित किया। किसानों को इन मूल्यवान संसाधनों तक पहुंच प्रदान करके, डीलर उन्हें सर्वोत्तम प्रथाओं को अपनाने और कृषि परिणामों को बेहतर बनाने के लिए अत्याधुनिक ज्ञान से सशक्त बना सकते हैं। कुलपति डॉ. सतबीर सिंह गोसल ने भी डीलरों को बधाई दी और कहा कि कृषि विस्तार सेवाओं में डिप्लोमा उन्हें स्थायी खेती के तरीकों को बढ़ावा देने के लिए विशेषज्ञता से लैस करता है। उन्होंने कहा कि ये 40 इनपुट डीलर अब किसानों को विश्वसनीय मार्गदर्शन और गुणवत्तापूर्ण इनपुट प्रदान करके पंजाब के कृषि पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने की स्थिति में हैं। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि फसल की पैदावार बढ़ाने और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार खेती को बढ़ावा देने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *