शहडोल जिला शनिवार सुबह से ही घने कोहरे की चपेट में रहा। शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में दृश्यता 30 मीटर से भी कम दर्ज की गई, जिससे सामान्य जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ। कड़ाके की ठंड और कोहरे के कारण सड़कों पर आवाजाही सामान्य दिनों की तुलना में काफी कम रही। घने कोहरे का सर्वाधिक प्रभाव राष्ट्रीय राजमार्गों पर देखा गया। सुरक्षा कारणों से कई भारी वाहन चालकों ने अपने वाहन सड़क किनारे रोक दिए। जो वाहन चल रहे थे, वे हेडलाइट और फॉग लाइट जलाकर अत्यंत धीमी गति से आगे बढ़ रहे थे। यातायात की गति थमने से कई मार्गों पर लंबा इंतजार करना पड़ा। शहडोल जिला लगातार प्रदेश के सबसे ठंडे जिलों में से एक बना हुआ है। कल्याणपुर क्षेत्र में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया, जिससे ठंड का प्रकोप और बढ़ गया। बढ़ती ठंड के कारण लोग अलाव, हीटर और गर्म कपड़ों का सहारा ले रहे हैं। सुबह और देर रात की ठंड ने लोगों की दिनचर्या को विशेष रूप से प्रभावित किया है। मेडिकल कॉलेज मार्ग सहित शहर के प्रमुख इलाकों में भी घना कोहरा छाया रहा। छात्र-छात्राएं पूरी तरह गर्म कपड़ों में लिपटे हुए कॉलेज जाते दिखे। ठंड और कोहरे ने बुजुर्गों और बच्चों के लिए सबसे अधिक मुश्किलें पैदा की हैं। मौसम विभाग ने आगामी कुछ दिनों तक ठंड और घने कोहरे के बने रहने की संभावना व्यक्त की है। जिला प्रशासन ने वाहन चालकों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। प्रशासन ने सलाह दी है कि कोहरे में वाहन चलाते समय हेडलाइट और फॉग लाइट का उपयोग करें और अत्यंत आवश्यक होने पर ही यात्रा करें, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना से बचा जा सके।


