शाजापुर में सोमवार को जय आदिवासी युवा शक्ति संगठन (जयस) के कार्यकर्ताओं ने एक आंगनवाड़ी कार्यकर्ता को पद से हटाने के विरोध में प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने राजराजेश्वरी मंदिर से कलेक्टर कार्यालय तक पैदल रैली निकाली और ज्ञापन सौंपा। जयस कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन में बताया कि आदिवासी समाज की चिंतामणी चौहान, जो भिलाला जाति से हैं, ग्राम खोरियाएमा की आंगनवाड़ी में तीन माह तक कार्यरत थीं। उन्हें बिना किसी उचित कारण या सूचना के पद से हटा दिया गया। इस संबंध में समाजजनों ने 7 जनवरी 2026 को भी एक ज्ञापन देकर उनकी नौकरी बहाल करने की मांग की थी। जयस कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि चिंतामणी चौहान की जगह जिस महिला को नियुक्त किया गया है, उसका बीपीएल कूपन फर्जी है। इस संबंध में पूर्व में दिए गए ज्ञापन में विस्तृत जानकारी दी गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। जयस के जिला अध्यक्ष सुनील भिलाला ने मांग की कि आंगनवाड़ी की नौकरी से अकारण हटाने की कार्रवाई करने वाले दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि चिंतामणी चौहान के संबंध में कोई उचित निर्णय नहीं लिया गया, तो समाजजन महिला के हित में चक्काजाम और जन आंदोलन करेंगे। कलेक्टर कार्यालय पहुंचने के बाद जयस कार्यकर्ता दोपहर 1 बजे से कलेक्टर को ही ज्ञापन सौंपने पर अड़े रहे। इस दौरान अपर कलेक्टर और एसडीएम ने ज्ञापन लेने का प्रयास किया, लेकिन कार्यकर्ताओं ने उन्हें ज्ञापन देने से इनकार कर दिया। आखिरकार, तीन घंटे से अधिक समय तक इंतजार के बाद कार्यकर्ताओं ने एसडीएम मनीषा वास्कले को अपना ज्ञापन सौंपा।


