भुवाणा से प्रतापनगर चौराहा तक नव निर्मित इनर रिंग रोड तक लगी डेकोरेटिव एलईडी पोल के सोमवार को हुए लोकार्पण में हंगामा हो गया। रात 8:20 बजे कार्यक्रम में पहुंचे यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने काले झंडे दिखाए। वे शिलापट्ट पर शहीद अभिनव नागौरी का नाम नहीं लिखा होने का विरोध कर रहे थे। कांग्रेस नेता अरमान जैन के नेतृत्व में 6-7 कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी भी की। तभी शहर भाजपा जिलाध्यक्ष गजपाल सिंह, महामंत्री पंकज बोराणा, सुरेंद्र सिंह और सिद्धार्थ शर्मा ने इनसे काले झंडे छीन लिए। इसके बाद अरमान सहित अन्य कांग्रेस कार्यकर्ताओं की लात-घूसों से पिटाई कर दी। मामला बढ़ते देख पुलिस ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। जैन ने कहा कि वे आखिरी सांस तक इसके लिए संघर्ष करेंगे। शहीद के पिता बोले : विरोध समझ के परे
कांग्रेस कार्यकर्ताओं के विरोध पर शहीद के पिता धर्मचंद नागौरी ने असहमति जताई। उन्होंने कहा कि वह भाजपा के काम से संतुष्ट हैं। मार्ग का नाम पहले ही अभिनव के नाम कर दिया गया था। कांग्रेस का विरोध समझ से परे है। भाजपा शहीद को सम्मान देती रही है। शहर भाजपा जिलाध्यक्ष गजपाल सिंह ने कहा कि कांग्रेस ने यह स्टंट लोकप्रियता के लिए किया। भास्कर इनसाइट- भाजपा नेताओं को पहले से पता था कांग्रेस कार्यकर्ता विरोध करेंगे, पहले ही बना ली रणनीति भाजपा नेताओं को पहले से पता था कि कांग्रेस कार्यकर्ता इस कार्यक्रम में मंत्री को काले झंडे दिखाने आ सकते हैं। क्योंकि, इससे पहले वे एयरपोर्ट पर भाजपा प्रदेश प्रभारी डॉ. राधामोहन दास अग्रवाल को और सांसद डॉ. मन्नालाल रावत को खेरवाड़ा में काले झंडे दिखा चुके हैं। इसीलिए भाजपा कार्यकर्ताओं ने पुलिस के बजाय खुद ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं को रोकने की रणनीति बना ली थी। इसी का नतीजा रहा कि मामला मारपीट तक पहुंच गया।


