देश के केंद्रीय कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान छत्तीसगढ़ आ रहे हैं। मंगलवार 13 मई को अंबिकापुर में आमसभा को संबोधित करेंगे। प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत 3 लाख से अधिक आवास भी यहां स्वीकृत किए जाएंगे। इससे पहले एक वीडियो संदेश उन्होंने छत्तीसगढ़ के नाम भेजा, शुरुआत में चौहान ने छत्तीसगढ़ के लोगों के लिए जय जोहार कहा। उन्होंने कांग्रेस सरकार के पिछले 5 साल के कार्यकाल का जिक्र करते हुए यह भी कहा कि छत्तीसगढ़ के लोगों के साथ बहुत अन्याय हुआ है। मौजूदा प्रदेश की भाजपा सरकार लोगों के साथ आवास और ग्रामीण विकास के मामले में अन्याय नहीं होने देगी। मंत्री के संदेश की बड़ी बातें
राज्य सरकार को सराहा
शिवराज सिंह चौहान ने प्रदेश सरकार के कामों को सराहते हुए कहा- विकसित भारत के लिए विकसित छत्तीसगढ़ और विकसित छत्तीसगढ़ के लिए विकसित खेती-समृद्धि किसान और गाँव में भी गरीब का कल्याण यह हमारा लक्ष्य है। और डबल इंजन की सरकार प्रधानमंत्री श्रीमान नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्र में और हमारे युवा कर्मठ मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में बेहतर काम कर रही है। कांग्रेस ने मांगा श्वेत पत्र
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि साय सरकार 18 लाख आवास पर श्वेत पत्र जारी करे। भाजपा सरकार 18 लाख आवास स्वीकृत होने का झूठा दावा करती है, जबकि सच्चाई यह है कि साय सरकार गरीबो को आवास देने के नाम से धोखाधड़ी की है, जो भी आवास बने है और जो बन रहे है वो कांग्रेस सरकार के दौरान स्वीकृत हुए थे। साय सरकार खुद ही संख्या की घोषणा कर अपनी पीठ थपथपा रही है। कांग्रेस मांग करती है कि सरकार के दावों में सच्चाई है तो स्वीकृत आवास हीनों के नाम सार्वजनिक किया जाये। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास के नाम पर भाजपा सरकार भ्रम फैला रही है। विधानसभा चुनाव में वादा किये थे 18 लाख आवासहीनों को आवास देंगे, अब दावा कर रहे है 8 लाख आवासहीनों के खाते में पहली किस्त डाली गयी है जबकि हकीकत यह है कि सरकार के पास अभी तक पात्र हितग्राहियों की न सूची है और न संख्या, जिन लोगों के खाते में पहली किस्त डालने का दावा कर रहे है उन सभी के खाते में पहली किश्त तो कांग्रेस की सरकार ने अक्टूबर में ही जारी कर दिया है। भाजपा सरकार में साहस है तो जिन लोगों के खाते में पैसा डालने का दावा कर रहे है उनकी सूची सार्वजनिक किया जाये।


