भास्कर न्यूज| चाईबासा शहर के बरकंदाज टोली में शुक्ल पक्ष में बुधवार को उरांव समाज द्वारा वनभुजनी पूजन का आयोजन किया गया। समाज के पाहन पुजारी फागू खलखो व उनके सहयोगी दुर्गा कुजूर, मंगरू टोप्पो, संजय कुजूर, सुनील बरहा द्वारा पूजा कराई गई। वहीं रात में पाहन (पुजारी) व पनभरवा ने मोहल्ले की सभी दुख-तकलीफ हैजा, चेचक व मलेरिया जैसे महामारी बीमारी को दूर करने के लिए उरांव समाज के अखाड़े में रात में पूजा की। बुधवार को मुहल्ले के सभी घरों की साफ-सफाई की गई, वहीं मुहल्ले के सभी घरों में रात को घर के बाहर आंगन में खाना बनाया। साथ ही छोटे-बड़े सभी लोगों ने निर्वस्त्र होकर हाथ में डंडा लिए पूरे मुहल्ले का भ्रमण घर आंगन में रखे हंडियों को फोड़ा। वहीं, हंडियों को फोड़ने के बाद सभी लड़के श्मशान काली मंदिर में स्नान कर लौटे। गुरुवार सुबह को फोड़े गए हंडियों को मुहल्ले के प्रत्येक घर की महिलाएं एवं बच्चियां श्मशान काली मंदिर के एकांत स्थान अथवा मुहल्ले की सीमा से बाहर फेंककर स्नान करेंगी। इसके बाद ही यह पूजा सुचारू रूप से संपन्न होगी। वनभुजनी पूजन में बान टोला के मुखिया लालू कुजूर व समाज के पदाधिकारी शंभु टोप्पो, राजेंद्र कच्छप, सीताराम मुंडा, खुदिया कुजूर, सुखदेव मिंज, कर्मा कुजूर, तेजो कच्छप, कृष्णा टोप्पो, जगरनाथ टोप्पो, विक्रम लकड़ा, शंकर कच्छप, लखन टोप्पो, कृष्णा तिर्की, टियाल खलखो, हुरिया बरहा,बं धन खलखो, उमेश मिंज, सुनील खलखो आदि उपस्थित थे।


