हरदा में संविधान दिवस मनाया गया। इस अवसर पर आजक्स, एस. सी./एस. टी. विकास परिषद के पदाधिकारियों और सदस्यों ने आंबेडकर चौक पहुंचकर संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर दीप प्रज्ज्वलित कर माल्यार्पण किया। उन्होंने संविधान की प्रस्तावना का वाचन भी किया। राष्ट्रीय अनुसूचित जाति जनजाति विकास परिषद महिला प्रकोष्ठ की प्रदेश अध्यक्ष और आजक्स की पूर्व जिलाध्यक्ष सीमा निराला ने इस अवसर पर कहा कि हर नागरिक का कर्तव्य है कि वह संविधान का सम्मान करे। उन्होंने बताया कि हमारा संविधान देश का सर्वोच्च विधान है। यह सभी नागरिकों को सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय, विचार व अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता, धर्म और उपासना का अधिकार तथा अवसर की समानता प्रदान करता है। संविधान दिवस 26 नवंबर 1949 को भारतीय संविधान को संविधान सभा द्वारा स्वीकृत किए जाने की याद दिलाता है। इसी दिन संविधान को अपनाया गया था, और 26 जनवरी 1950 को यह भारत में लागू हुआ था। इस अवसर पर आजक्स के पूर्व जिलाध्यक्ष रमेश मसकोले, डॉ. प्रेमनारायण इवने, बलराम आहके, सुभाष मसकोले, जी.डी. दूधे, राजकुमार मर्सकोले, सुखराम बामने, जसोदा मेहता, अर्जुन देवड़ा, रमेश अहिरवार, फूलसिंह उईके, ओ.पी. देवहरे, चंपालाल बिल्लौरे, अर्चना चौरसिया, सुषमा चौरे, जी. आर. अहिरवार, भुजाराम बछानिया, राधेश्याम अहिरवार, नरेंद्र चौरसिया सहित कई अन्य सामाजिक लोग उपस्थित रहे।


