भोपाल, इंदौर, ग्वालियर के कलेक्टरों को चुनाव आयोग ने निर्देश दिए हैं कि एसआईआर के लिए बाकी बचे सात दिनों में झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में भी बीएलओ घर-घर जाकर दस्तक दें और वालेंटियर्स मतदाताओं को फार्म भरने में आवश्यक सहयोग करें। जिला निर्वाचन अधिकारियों की जिम्मेदारी है कि वे ईआरओ के कार्य की रोज समीक्षा करें और कार्यप्रणाली में तत्काल सुधार लाएं। उधर, एसआईआर के बॉटम फाइव जिलों में भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, मुरैना और टॉप फाइव में अशोकनगर, बैतूल, सीहोर, सीधी, शाजापुर जिले शामिल हैं। भारत निर्वाचन आयोग की डायरेक्टर शुभ्रा सक्सेना एवं सचिव विनोद कुमार ने बुधवार को एसआईआर की वर्चुअल समीक्षा के दौरान ये निर्देश दिए। प्रदेश के 19 जिलों के कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी और नगर पालिक निगमों के कमिश्नरों के साथ वर्चुअल बैठक में डायरेक्टर सक्सेना ने कहा कि बीएलओ को सहयोग देने के लिए वालेंटियर्स की नियुक्ति तथा तीनों महानगरों में विशेष कैम्प लगाकर गणना पत्रक भराने की व्यवस्था के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि कलेक्टर स्वयं मैदानी स्तर पर जाकर कार्य की स्थिति देखें और मैपिंग के कार्य को सटीकता के साथ पूरा कराएं। सक्सेना ने कहा कि जिलों में एसआईआर के कार्य को गंभीरता और प्राथमिकता से लिया जाए। उन्होंने मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान गणना पत्रकों के वितरण, मैपिंग तथा डिजिटाइजेशन की प्रगति की समीक्षा की और प्रदेश की स्थिति पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने भोपाल, इन्दौर और ग्वालियर के उन विधानसभा क्षेत्रों के ईआरओ से सीधे बात की जहां कार्य की रफ्तार अपेक्षित नहीं रही। साथ ही जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे ईआरओ के कार्य की प्रतिदिन समीक्षा करें और कार्यप्रणाली में तत्काल सुधार करें। सक्सेना ने सभी जिलों को निर्देशित किया कि डिजिटलाइजेशन का कार्य जल्द से जल्द पूरा किया जाए।बैठक में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी संजीव कुमार झा ने कलेक्टर्स को निर्देश दिया कि वे ईआरओ कार्य की रोजाना मॉनिटरिंग करें तथा गणना पत्रक के डिजिटलाइजेशन का स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करें। उन्होंने कहा कि इस सप्ताह के भीतर सभी आवश्यक कार्य पूर्ण किए जाएं। उन्होंने विशेष रूप से निर्देश दिया कि झुग्गी-झोपड़ी क्षेत्रों में भी बीएलओ घर-घर जाकर दस्तक दें और वालेंटियर्स मतदाताओं को फार्म भरने में आवश्यक सहयोग करें। निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया कि एसआईआर कार्य की रफ्तार और गुणवत्ता आगामी दिनों में उनके सीधे फोकस में रहेगी। 7 जिलों ने पार किया 90% से अधिक का लक्ष्य
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मध्यप्रदेश संजीव कुमार झा ने बताया कि प्रदेश में गणना पत्रकों के डिजिटाइजेशन का कार्य तेजी गति से जारी है। बुधवार तक 4 करोड़ 39 लाख से अधिक गणना पत्रकों का डिजिटाइजेशन पूरा हो चुका है, जो लगभग 80 प्रतिशत है। झा ने बताया कि प्रदेश के 7 जिलों ने 90 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा कर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। इसके अलावा प्रदेश के 45 जिलों में 73% से अधिक कार्य पूर्ण हो चुका है। यहां 90 प्रतिशत से अधिक का टारगेट पूरा बॉटम 5 में ये जिले शामिल भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, मुरैना


