भास्कर न्यूज| महासमुंद नगर को स्वच्छ, सुंदर और सुव्यवस्थित बनाने के संकल्प के साथ नगर पंचायत प्रशासन ने अतिक्रमणकारियों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। अरेकेल बाईपास से सरायपाली बाईपास तक नवनिर्मित गौरवपथ को सुगम बनाने के लिए प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम ने सड़कों पर उतरे अवैध कब्जों को सख्ती से हटाया। इस दौरान हड़कंप की स्थिति रही और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर भारी जुर्माना भी लगाया गया। नपं की इस आकस्मिक दबिश ने उन दुकानदारों की मुश्किलें बढ़ा दीं, जो अपनी दुकानों की सीमा लांघकर सड़कों पर काबिज थे। अभियान के दौरान कुल 24 दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 65,800 रुपये का अर्थदंड वसूला गया। साथ ही नियमों को ताक पर रखकर सड़क अवरुद्ध करने वाले 9 दुकानदारों का सामान मौके पर ही जब्त कर लिया गया। यही नहीं टीम ने दुकानों के बाहर अवैध रूप से रखे गए तख्त, स्टैंड, बोर्ड और अस्थायी ढांचों को हटाकर मार्ग को पूरी तरह सुचारू किया गया। हैरानी की बात यह है कि दुकानों के सामने आवागमन के लिए पर्याप्त जगह होने के बावजूद दुकानदारों ने सड़कों को अपना गोदाम बना लिया था। डिवाइडर से दुकान की दूरी करीब 60 फीट है। इसमें 6 फीट की नाली और 10 फीट की पगडंडी (फुटपाथ) है। इसके बाद 10 फीट का कच्चा रास्ता और फिर 20 फीट की पक्की सड़क है। दुकानदार अपनी सीमा से 20 फीट बाहर तक सामान निकालकर कब्जा जमाए हुए थे। वर्तमान में शादी का सीजन होने के कारण सड़क पर ही सोफा सेट, कूलर, अलमारी, पलंग और बर्तनों का ढेर लगा दिया गया था, जिससे 60 फीट चौड़ी सड़क भी संकरी गली जैसी नजर आने लगी थी। साप्ताहिक बाजार के दिन पैदल चलना भी मुश्किल शनिवार और बुधवार को साप्ताहिक बाजार के दिन शहीद वीरनारायण सिंह चौक, पदमपुर रोड, थाना चौक, एसबीआई गली में पैदल चलना भी दूभर हो जाता है। नगर पंचायत द्वारा समय-समय पर मुनादी कराकर दुकानदारों को समझाइश दी जाती रही है। इसके बावजूद स्थिति में सुधार नहीं होने पर यह कड़ी कार्रवाई की गई। सीएमओ सूरज सिदार ने दुकानदारों को दो टूक चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि नाली की सीमा से आगे एक इंच भी सामान रखना अवैध है। सड़कें व्यापार के लिए नहीं, आवागमन के लिए हैं। भविष्य में नाली की सीमा के बाहर सामान मिला, तो बिना किसी मोहलत के परमानेंट जब्ती की जाएगी। कब्जेधारियों में हड़कंप, तो आम लोगों को बड़ी राहत अभियान सफल बनाने में पंचायत और पुलिस टीम का योगदान रहा। मौके पर राजस्व प्रभारी दीपक यदु, सफाई दरोगा वीरेंद्र बघेल, मोनू बंजारा, प्रकाश सहित नगर पंचायत के कर्मचारी और पुलिस बल मुस्तैद रहा। प्रशासन के इस कड़े रुख से जहां कब्जेधारियों में हड़कंप है, वहीं लोगों ने इस पहल की सराहना की है। 6 माह पहले कब्जे की भेंट चढ़ गई थी युवक की जान प्रशासन की इस सख्ती के पीछे बढ़ती दुर्घटनाएं और जाम एक बड़ी वजह है। करीब 6 माह पहले शहीद वीरनारायण सिंह चौक के पास एक बाइक सवार युवक की ट्रक की चपेट में आने से मौत हो गई थी। इस हादसे की मुख्य वजह सड़क पर पसरा अतिक्रमण और वाहनों का जाम था।


