इस बार बरसात में नक्सलियों को खत्म करने के लिए ऑपरेशन मानसून चलाया जाएगा। इसमें धुर नक्सली क्षेत्रों में फोर्स का ऑपरेशन जारी रहेगा। यह बातें बुधवार को मंत्रालय में हुई गृह विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को बताई गईं। बैठक में गृह मंत्री विजय शर्मा, डीजीपी अरुणदेव गौतम, सीएम के प्रमुख सचिव सुबोध सिंह और सचिव राहुल भगत भी मौजूद रहे। इसके साथ ही बस्तर से विवेकानंद सिन्हा और पी सुंदरराज ऑनलाइन जुड़े थे। उन्होंने सीएम को नक्सल ऑपरेशन की जानकारी दी। साथ ही बताया कि कितने गांव नक्सल मुक्त किए जा चुके हैं और अगले कुछ दिनों में कहां-कहां नक्सलियों को लेकर ऑपरेशन चलाया जाएगा। इसके साथ ही नक्सलियों की मुखबिरी करने वाले ग्रामीणों को जिस तरह से टारगेट बनाया जा रहा है, उन्हें सुरक्षा कैसे दी जाएगी। इसका प्लान भी बताया। मानसून में क्या समस्याएं आ रही हैं और उनसे कैसे निपटा जाए, इस पर भी चर्चा की गई। गृह मंत्री ने अब तक बचे इनामी नक्सलियों के बारे में भी जानकारी ली। इस गोपनीय बैठक में पुलिस के कई अधिकारियों को शामिल नहीं किय गया। बताया जा रहा है कि इस गोपनीय बैठक के बाद एक बड़ा नक्सल ऑपरेशन जल्द ही हो सकता है। VIP पर खतरा हो सकता है, इसलिए सुरक्षा की समीक्षा
बैठक में इंटेलिजेंस की चर्चा के दौरान वीआईपी की सुरक्षा की समीक्षा की गई। नए कानून पर प्रदेश में क्या-क्या किया जा रहा है और कहां बदलाव की जरूरत है, यह जानकारी भी सीएम ने ली। इसके अलावा पुलिस वेलफेयर के संबंध में विस्तृत रिपोर्ट ली गई। पुलिस को मॉडर्नाइज करने के लिए किन-किन इक्यूपमेंट की आवश्यकता है और उसके लिए कितना बजट चाहिए, इस पर भी बात हुई। पुलिस इन्फ्रास्ट्रक्चर को बेहतर करने के लिए नए प्लान बनाने की जिम्मेदारी डीजीपी को दी गई। पुलिस में 7 हजार से अधिक भर्ती पुलिस को रिस्ट्रक्चर करने का प्लान भी सीएम के साथ साझा किया गया। बताया गया कि आने वाले दिनों में 7 हजार से अधिक फोर्स की भर्ती की जाएगी। इसमें 5 हजार आरक्षक, 1 हजार आईआरबी और 1 हजार बस्तर फाइटर की भर्ती की जाएगी।


