सरायकेला| प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश रविवार को सरायकेला में कहा कि आदिवासी समाज की पहचान, संस्कृति और अस्तित्व की रक्षा के लिए सरना धर्म कोड की मांग अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच चुकी है। झारखंड विधानसभा इस प्रस्ताव को पहले ही पारित कर चुकी है, लेकिन केंद्र सरकार अब तक चुप है। अगर केंद्र की नींद फिर भी नहीं खुली तो हम जंतर-मंतर तक जाएंगे। हमारे विधायक, सांसद, मंत्री सब इस आंदोलन में शामिल होंगे। आगामी धरना कार्यक्रम को ऐतिहासिक बताते हुए उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से अधिकतम भागीदारी की अपील की।


