भास्कर न्यूज | लुधियाना स्कीम के तहत अब सीएमसी, डीएमसी, फोर्टिस हॉस्पिटल भी शामिल किए जा रहे हैं, जिससे मरीजों को इन अस्पतालों में भी इलाज मिल सकेगा। यह एलान सेहत मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री सेहत बीमा योजना के तहत 10 लाख तक के कैशलेस इलाज को लेकर बन रहे कार्ड के लिए बचत भवन में रिव्यू मीटिंग के दौरान किया। मीटिंग में उन्होंने लुधियाना में बन रहे कार्ड और इस प्रोेसेस में तेजी लाने के लिए कहा। डॉ. बलबीर ने बताया कि पहले 5 लाख तक की सीमा में यह अस्पताल शामिल नहीं थे। वहीं, प्राइवेट हॉस्पिटल के क्लेम पास होने में होने वाली देरी के कारण इंपैनल प्राइवेट अस्पताल इलाज देने से मनाही करते थे। ऐसे में अब इससे राहत मिलने की संभावना है। डॉ. बलबीर ने बताया कि इंश्योरेंस कंपनी ने जनवरी में सारी पेंडेंसी खत्म कर दी है। आगे के क्लेम के लिए हमने कंपनी को 500 करोड़ की पेमेंट एडवांस दी है और 21 दिनों के अंदर भुगतान करने के लिए कहा है। ज्यादा से ज्यादा एक महीने का समय मिलेगा, अगर किसी कारण से देरी हो रही है तो वो भी बताना होगा। ताकि उस कमी को पूरा कर क्लेम का भुगतान हो सके। वहीं, अब कंपनी को 500 करोड़ की एडवांस पेमेंट कर दी है, जिससे जल्द से जल्द क्लेम क्लियर हो जाएगा। डॉ. बलबीर ने सिविल हॉस्पिटल में आईसीयू का निरीक्षण करते। सिविल के आईसीयू का किया निरीक्षण: रिव्यू मीटिंग से पहले डॉ. बलबीर ने सिविल हॉस्पिटल में आईसीयू का निरीक्षण किया। अस्पताल में स्टाफ की कमी को लेकर उन्होंने बताया कि यूजर चार्ज बढ़े हैं ऐसे में हमने अस्पताल प्रबंधन को इसका बेहतर इस्तेमाल करने और अपने स्तर पर भी स्टाफ रखने के लिए कहा है। वहीं सेहत मंत्री से मुख्यमंत्री सेहत बीमा योजना के बना रहे कार्ड संबंधी आ रही परेशानियों को लेकर कुछ कोंसलर भी पहुंचे जिन्होंने सीएससी बंद होने और कार्ड बनाने के लिए पर्चियां जारी करने का विरोध भी जाहिर किया। रिव्यू मीटिंग में डिप्टी कमिश्नर हिमांशु जैन, सिविल सर्जन डॉ. रमनदीप कौर, असिस्टेंट सिविल सर्जन डॉ. विवेक कटारिया, विधायक सरवजीत कौर मानूके, विधायक रजिंदर पाल कौर छीना, विधायक मदन लाल बग्गा और विधायक कुलवंत सिंह सिद्धू, आप के वरिष्ठ नेता डॉ. के.एन.एस कंग मौजूद थे। अस्पतालों में स्पेशलिस्ट और नर्सिंग व अन्य स्टाफ की कमी को लेकर उन्होंने बताया कि डॉक्टर्स की 1400 भर्तियां, स्टाफ नर्स के लिए 450 की भर्ती हो चुकी है। 500 स्टाफ नर्स के पद और भरे जाएंगे। स्पेशलिस्ट के लिए सरकारी मेडिकल कॉलेज से पीजी करने वाले 250 जॉइन कर चुके हैं, जिन्होंने ज्वाइन नहीं किया उन्होंने बॉन्ड मनी भरी है। इंपैनलमेंट के तहत 300 स्पेशलिस्ट डॉक्टर्स जॉइन कर चुके हैं। सेहत क्षेत्र में नई सुविधाओं के सवाल पर डॉ. बलबीर ने कहा कि इस साल क्रिटिकल केयर ब्लॉक शुरु होंगे और जच्चा बच्चा हॉस्पिटल में सुविधाएं मजबूत की जाएंगी। सरकारी अस्पतालों में रोबोटिक सर्जरी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को भी शामिल किया जा रहा है। इसके लिए डॉक्टर्स को ट्रेनिंग भी दी जा रही है।


