सीएम बोले- टाइगर के साथ अब किंग कोबरा भी चाहिए:IFS सर्विस मीट: कहा- कागज के खिलौने को सांप बताकर डराया जा रहा था

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राजधानी के पंडित खुशीलाल आयुर्वेद महाविद्यालय में आयोजित आईएफएस सर्विस मीट का शुक्रवार को शुभारंभ किया। इस मौके पर उन्होंने रातापानी टाइगर रिजर्व घोषित करने में आई चुनौतियों पर चर्चा की और कहा- ‘कागज के खिलौनों को सांप बताकर डराया जा रहा था, लेकिन अब टाइगर के साथ किंग कोबरा की जरूरत है।’ सीएम ने वन अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रम से अनुभव साझा होते हैं, जिससे काम में सुधार आता है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में जंगल का क्षेत्रफल 1063 वर्गमीटर बढ़ा है, जिसके लिए वन विभाग की सराहना की। साथ ही, उन्होंने पर्यटन से जुड़े संभावित क्षेत्रों की जानकारी सरकार तक पहुंचाने का निर्देश दिया। सीएम ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कार्यशैली की प्रशंसा की और कहा कि ‘पीएम मोदी ने कभी भी अपने मूल सिद्धांतों से समझौता नहीं किया।’ वनों की रक्षा के लिए हर साल औसत 30 हमले वन बल प्रमुख असीम श्रीवास्तव ने कहा कि प्रदेश का एक-तिहाई हिस्सा वनों से आच्छादित (छाया हुआ) है। अब तक 62 वन अधिकारी और कर्मचारी अपनी जान देकर वनों की रक्षा कर चुके हैं। हर साल औसतन 30 अधिकारियों पर हमले होते हैं। पहले दिन कल्चरल प्रोग्राम आईएफएस सर्विस मीट का कार्यक्रम दो दिनों तक चलेगा। पहले दिन दोपहर बाद कल्चरल प्रोग्राम हुआ। दूसरे दिन सुबह से शाम तक भेल स्पोर्ट्स स्टेडियम में आईएफएस अधिकारी और उनके परिजन अलग-अलग खेल गतिविधियों में हिस्सा लेंगे। इसके बाद पुरस्कार वितरण होगा। सर्विस मीट के शुभारंभ के मौके पर खुशीलाल आयुर्वेद महाविद्यालय के सभागार में अपर मुख्य सचिव (वन) अशोक वर्णवाल, प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख असीम श्रीवास्तव और आईएफएस अधिकारियों व परिजनों की उपस्थिति में रजा काजमी (वन और वन्य प्राणी इतिहासकार) का उद्बोधन होगा। इस कार्यक्रम में आईएएस एसोसिएशन के अध्यक्ष विभाग की योजनाओं की जानकारी देंगे। बता दें पिछले साल आईएफएस सर्विस मीट की तीन बार तारीख बदली गई थी और अंततः इसे स्थगित कर दिया गया था। पिछले साल तीन बार स्थगित हुई थी मीट एसोसिएशन के अध्यक्ष अन्ना गिरी टी ने बताया कि इस मीट में वन प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं पर विचार-विमर्श किया जाएगा। पहले दिन वानिकी सम्मेलन में चार विषयों पर मंथन होगा, जबकि दूसरे दिन खेल और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रम में वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री दिलीप अहिरवार, अपर मुख्य सचिव अशोक वर्णवाल और प्रधान मुख्य वन संरक्षक असीम श्रीवास्तव मौजूद थे। वनों और वन्यजीवों के संरक्षण पर आधारित रजा काजमी का विशेष उद्बोधन हुआ।पिछले साल यह मीट तीन बार स्थगित हुई थी। इस बार यह दो दिवसीय आयोजन भव्य रूप से हो रहा है। ये खबर भी पढ़ें… IAS सर्विस मीट: अफसरों की फैमिली संग मस्ती: साइकिलिंग में दिखाया दमखम; टेबल टेनिस में मुख्य सचिव की टीम को मिला पुरस्कार भोपाल में तीन दिनी आईएएस सर्विस मीट का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया था। शनिवार को बोट क्लब पर रेस में अफसरों ने परिवार के साथ नाव चलाई थी। इसके बाद जुंबा डांस करते हुए थिरके भी। शनिवार दोपहर में अरेरा क्लब में फुटबॉल, कैरम, फन गेम्स समेत अन्य एक्टिविटी हुई थी। कई आईएएस अधिकारी अपनी टीम के साथ व्यंजन बनाने की कुकिंग कॉम्पिटिशन में भी शामिल हुए थे। रात में डीजे नाइट का प्रोग्राम में फैमिली के साथ डांस किया। दो साल बाद हो रही सर्विस मीट को लेकर इस बार अफसरों और उनके परिजनों में उत्साह दिखा। पूरी खबर पढ़ें…

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *