सीकर में 22 नवंबर की शाम हुए जहरीले प्रदूषण के कारणों का अभी तक पता नहीं लगा है। आज जहरीले प्रदूषण से प्रभावित शांति नगर निवासियों ने जिला कलेक्टर को ज्ञापन देकर घटना के कारणों का पता लगाने की मांग की है। काॅलोनीवासियों ने 3 दिन में कारणों का पता नहीं लगने पर प्रदर्शन की चेतावनी दी है। जिला कलेक्टर ने प्रभावित लोगों के लिए स्वास्थ्य शिविर लगाने का आश्वासन दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि 72 घंटे बाद भी इलाके में धुएं का हल्का असर महसूस हो रहा है। कई लोग आज भी सांस लेने में कठिनाई, आंखों में जलन और अस्थमा जैसी समस्याओं के कारण अस्पताल पहुंच रहे हैं। आबादी के बीच औद्योगिक इकाइयों के संचालन से ऐसी घटनाओं का खतरा बढ़ गया है और प्रशासन को पूरी जांच कर प्रभावित लोगों को राहत देनी चाहिए। काॅलोनीवासी आकाश पारीक ने कहा कि तीन दिन बाद भी धुएं के कारणों का पता नहीं लग पाया है। अगर जल्दी जांच और निगरानी नहीं की गई तो स्थानीय लोग बड़ा आंदोलन करेंगे और इसकी ज़िम्मेदारी प्रशासन की होगी।


