अमेरिकी फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति को लेकर अनिश्चितता के बीच मंगलवार को डॉलर की दर में मजबूती के कारण अंतरराष्ट्रीय बुलियन वायदा मार्केट में निवेशकों की मुनाफा वसूली की बिकवाली देखी गई। जिससे सोने में गिरावट दर्ज की गई। सोना 16 डॉलर घटकर 2614 डॉलर प्रति औंस रह गया, जिससे इंदौर मार्केट में भी सोना केडबरी 250 रुपए टूटकर 78050 रुपए प्रति दस ग्राम रह गया। फेड के पसंदीदा मुद्रास्फीति गेज कोर पीसीई की कीमतों में नवंबर में 0.1 फीसदी की वृद्धि हुई। मई के बाद से सबसे छोटी वृद्धि जिससे मुद्रास्फीति में कमी की उम्मीद बढ़ गई। हालांकि, तीसरी तिमाही में 3.1 फीसदी की मजबूत अमेरिकी जीडीपी वृद्धि और कम बेरोजगारी दावों द्वारा समर्थित एफओएमसी के आक्रामक अनुमानों ने 2024 में तेजी से ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदों को कम कर दिया। भारत में घरेलू कीमतों पर 8 डॉलर प्रति औंस की छूट के साथ, उच्च सोने की कीमतों के बीच मांग कम रही। दिसंबर में भारतीय सोने के आयात में काफी कमी आने की उम्मीद है और उपभोक्ता हल्के और कम कैरेट के आभूषणों की ओर बढ़ गए हैं। इस बीच चीन में मांग नरम रही, जहा 5 डॉलर प्रति औंस की छूट दी गई। चांदी में कारोबार सामान्य रहा। भाव में कोई खास परिवर्तन नहीं रहा। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना ऊपर में 2621 और नीचे 2608 डालर और चांदी ऊपर में 2676 सेंट और नीचे में 2951 सेंट प्रति औंस रही। इंदौर के बंद भाव सोना केडबरी रवा नकद में 78050 सोना (आरटीजीएस) 78000, सोना (91.60) 71500 रुपए प्रति दस ग्राम बोला गया। सोमवार को सोना 78300 रुपए पर बंद हुआ था। चांदी चौरसा नकद 89250 चांदी चौरसा (आरटीजीएस) 89150 चांदी टंच 89350 रुपए प्रति किलो और चांदी सिक्का 1040 रुपए प्रति नग बिका। सोमवार को चांदी चौरसा नकद 89250 रुपए बिकी थी। उज्जैन और रतलाम सराफा


