राउरकेला| मॉडल रेलवे स्टेशन के बाहर आरपीएफ महिला बैरक के पास मौजूद शौचालय यात्री सुविधा की पोल खोल रहा है। इस शौचालय में यात्री शेड नहीं होने के कारण धूप और बारिश में शौचालय आने वाले रेल यात्रियों को परेशानी होती है। शेड नहीं होने के कारण शौचालय कर्मचारी भी इस ठंड में रात भर खुले आसमान के तले रात बिताने को मजबूर हैं। शौचालय में आने वाले रेल यात्री अपना सामान रख सके, इतनी भी जगह शौचालय में नहीं है। इतना ही नहीं राउरकेला मॉडल रेल स्टेशन की इस शौचालय में नहाने तक का कोई उपाय नहीं है। बारिश के दिनों में तो शौचालय का हाल बदतर हो जाता है। शेड नहीं होने के कारण शौचालय जाने के लिए रेल यात्रियों को भीगना भी पड़ता है। राउरकेला रेलवे स्टेशन के अंदर मौजूद शौचालय का ठेकेदार रेलवे प्रशासन को सालाना लगभग 12 लाख रुपए देता है। लेकिन स्टेशन के बाहर मौजूद यह शौचालय सालाना 15 लाख रुपए चुकाता है।


