भास्कर न्यूज | राजिम राजिम कुंभ कल्प मेला केवल आस्था का केंद्र ही नहीं, बल्कि अब महिलाओं के अधिकार, सुरक्षा और सशक्तिकरण का भी मजबूत मंच बनता जा रहा है। नवीन मेला मैदान में लगे शासकीय स्टॉलों के बीच महिला एवं बाल विकास विभाग का स्टॉल महिलाओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनकर उभरा है। स्टॉल पर दिनभर महिलाओं की भीड़ देखने को मिल रही है। यहां वे न सिर्फ सरकारी योजनाओं की जानकारी ले रही हैं, बल्कि अपने अधिकारों और सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर भी खुलकर संवाद कर रही हैं। विभाग के प्रतिनिधि छबी राम निर्मलकर महिलाओं को दहेज प्रतिषेध अधिनियम 1961, सखी वन स्टॉप सेंटर और महिला सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं की विस्तृत जानकारी बुकलेट के माध्यम से दे रहे हैं। उन्होंने बताया कि घरेलू हिंसा, उत्पीड़न या किसी भी संकट की स्थिति में महिलाएं सखी वन स्टॉप सेंटर जाकर या टोल फ्री नंबर 181 पर कॉल कर तत्काल सहायता प्राप्त कर सकती हैं। स्टॉल का एक खास हिस्सा पोषण को समर्पित है, जहां रेडी-टू-ईट पोषण आहार की प्रदर्शनी लगाई गई है। चकोली, खुरमी, सेव, सलोनी, अरसा और ठेठरी जैसे पारंपरिक व पौष्टिक व्यंजन महिलाओं को खासा आकर्षित कर रहे हैं। इसके साथ ही पोषण वाटिका की जानकारी देकर यह भी बताया जा रहा है कि कम जगह या गमलों में भी घर पर हरी सब्जियां उगाकर पोषण प्राप्त किया जा सकता है। महिला एवं बाल विकास विभाग का यह स्टॉल महतारी वंदन योजना, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान सहित अन्य योजनाओं के लाभ और पात्रता की जानकारी देकर महिलाओं को आत्मनिर्भर और जागरूक बनाने की दिशा में अहम भूमिका निभा रहा है।


