भास्कर न्यूज | लुधियाना हैबोवाल स्थित गुरुद्वारा दुख निवारण साहिब में शुकराना समागम का आयोजन किया गया। इसमें शहर की विभिन्न स्त्री सत्संग सभाओं ने भाग लिया। समागम में विशेष रूप से उन 51 हजार श्री चौपाई साहिब के पाठों की अरदास की गई जो बाढ़ पीड़ितों की सहायता हेतु संगत द्वारा किए गए थे। इस मौके पर माता विपन प्रीत कौर विशेष रूप से उपस्थित रहीं। पूनम अरोड़ा ने जानकारी दी कि इस समागम में मॉडल टाउन, दुगरी, बीआरएस नगर, बाबा दीप सिंह जी और हैबोवाल स्त्री सत्संग सभा की महिलाओं ने भाग लेकर गुरबाणी का श्रवण किया और गुरुघर की सेवा में योगदान दिया। समागम की शुरुआत श्री जपुजी साहिब के पाठ से हुई। इसके बाद चौपाई साहिब और सुखमणि साहिब के पाठ किए गए। संगत ने मिलकर बोले सो निहाल के जयकारों से वातावरण को गुरमयी बना दिया। माता विपन प्रीत कौर द्वारा शहीदां गुरुद्वारा बाबा दीप सिंह साहिब, अमृतसर से लाई गई ज्योत को गुरुद्वारा साहिब में स्थापित किया गया, जो अब 24 घंटे निरंतर जलेगी। इस अवसर पर मॉडल टाउन सत्संग की महिलाओं ने मेरे हर प्रीतम की कोई बात सुनावे शबद का कीर्तन कर संगत को मंत्रमुग्ध कर दिया। बाद में दुगरी स्त्री सत्संग सभी की महिलाओं ने शबद तू मेरा रखा सबनी थाई गायन किया जिसका अर्थ बताया की गुरु नानक देव जी आप हर स्थान पर मेरे रक्षक हैं फिर हैबोवाल स्त्री सत्संग की महिलाओं ने मिलकर कीर्तन की हाजरी लगाई जिसमें उन्होंने पहले संगत को वाहेगुरु सिमरन का जाप करवाया उपरांत बाद इक अरदास भाट कीरत की गुरु रामदास राखो सरणाई, हम अवगुण भरे एक गुण नाही, अमृत छाड़ बिखे बिख खाई संगती रूप में गायन किया। समागम के अंत में गुरुद्वारा साहिब के ग्रंथी सिंह ने संपूर्ण संगत के साथ अरदास की, इसके बाद श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का हुकमनामा लिया गया। माता विपन प्रीत कौर ने सभी संगत को कहा की बाढ़ पीड़ित परिवारों की सभी को मदद करनी चाहिए जिनके घर भी उजड़ गए है और बच्चे टेंटो में सो रहे है। ऐसे समागम हर एरिया में होने चाहिए और उन पीड़ित परिवारों की सरबत भले की अरदास करनी चाहिए वाहेगुरु उन सभी परिवारों को बल बख्शे और फिर से वो अपनी खेती कर दुखों से मुक्ति पाएं। इस अवसर पर पूनम अरोड़ा और गुरुद्वारा प्रबंधन समिति ने माता विपन प्रीत कौर एवं अमन बग्गा को सिरोपा भेंट कर सम्मानित किया।


