मप्र के कई जिलों में अवैध शराब की बिक्री की शिकायतें आती रही हैं। हालांकि अब किसी आम व्यक्ति ने नहीं बल्कि शिकायत प्रदेश के स्वास्थ्य राज्यमंत्री नरेंद्र पटेल ने की है। उन्होंने बाकायदा इस मामले में सोशल मीडिया पर पोस्ट भी की है। साथ ही उन्होंने जिला प्रशासन को इस मामले में कार्रवाई के निर्देश भी जारी किए हैं।
शनिवार को राज्यमंत्री पटेल ने पोस्ट में लिखा कि उन्होंने अपने क्षेत्र उदयपुरा में अवैध शराब की बिक्री के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश प्रशासन को दिए हैं। वहीं, उन्होंने जनता से अपील की कि अगर किसी के पास अवैध शराब से जुड़ी कोई शिकायत हो तो उनके वॉट्सएप नंबर पर साझा करें।
रेत के डंपर भी रोक चुके हैं
यह पहली घटना नहीं है जब उदयपुरा विधानसभा सीट से पहली बार चुनकर आए राज्यमंत्री नरेंद्र पटेल ने अपने विधानसभा क्षेत्र में प्रशासनिक व्यवस्था पर प्रश्नचिन्ह लगाए हैं। नवंबर में उन्होंने अपने क्षेत्र में बाड़ी-बरेली के बीच टोल प्लाजा पर खुद रेत से ओवरलोड डंपर रोके थे। उन्होंने वजन तुलवाकर सीधे पुलिस को कार्रवाई के निर्देश भी दिए थे। वह अवैध खनन के खिलाफ भी मुखर रहे हैं। भास्कर से बोले – शिकायत आई थी तो पोस्ट किया भास्कर ने फोन पर चर्चा में पटेल से पूछा कि क्या उनके क्षेत्र में अवैध शराब की बहुत समस्या है। इस पर मंत्री ने कहा कि नहीं, उन्हें तो कई स्थानीय लोगों से इस बारे में शिकायत मिली थी कि क्षेत्र में अवैध शराब की बिक्री होती है। इसके बाद उन्होंने अधिकारियों से इस मामले में एक्शन लेने के लिए कहा। जनता की शिकायतों के बाद फेसबुक पर पोस्ट किया है ताकि लोग परेशानी साझा कर सकें। ^किसी भी तरह के अवैध मामले में तो बिल्कुल कार्रवाई होनी चाहिए। सरकार की भी यही नीति है।
अरुण विश्वकर्मा, कलेक्टर, रायसेन इधर, आलोट के भाजपा विधायक बोले -पीएम आवास में घूस की शिकायतें, कोई मांगे तो बताएं रतलाम जिले के आलोट से भाजपा विधायक चिंतामणि मालवीय ने कहा है कि कोई आपसे घूस मांगे तो देना मत। सीधे मुझे कॉल करना। दरअसल उन्होंने एक वीडियो प्रधानमंत्री आवास में मांगी जा रही घूस को लेकर जारी किया। इसमें उन्होंने बताया कि उनके विधानसभा क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना को लेकर उन्हें शिकायत मिली है कि कुछ लाेग आवास आवंटन कराने के नाम पर 5 हजार रुपए मांग रहे हैं। विधायक ने कहा कि इस तरह की घूस कोई भी मांगे तो बिलकुल मत देना और सीधे मुझे कॉल करना। उन्होंने वीडियो में अपना नंबर भी शेयर किया। उन्होंने बताया कि उनकी आलोट विधानसभा में 5513 प्रधानमंत्री आवास स्वीकृत हुए हैं। जिन्हें यह आवास मिले हैं, उनमें से ही कुछ लोगों ने शिकायत की है। ऐसे लोगों को मेरा कहना है कि वे स्वयं असेसमेंट करें और इसके लिए प्रधानमंत्री आवास योजना की साइट पर जाकर सूची में अपना नाम देख लें। मालवीय बोले कि मैं जब क्षेत्र में जाता हूं तो लोग कहते हैं कि हमारा नाम नहीं आया। ऐसे लोगों से मेरा कहना है कि वे ऑनलाइन जाकर फार्म भर दें। उन्होंने अपने क्षेत्र के सरपंच और भाजपा कार्यकर्ताओं से भी कहा कि वे घर–घर जाकर पात्र लोगों के फार्म भरवाएं। आखिर में फिर बोले कि चाहे जो हो, किसी को कुछ देने की जरूरत नहीं है।


