हनुमानगढ़ जिले में पिछले पांच दिनों से छाए कोहरे और धुंध ने जनजीवन को प्रभावित किया है। कोहरे के कारण दृश्यता कम होने से वाहनों की गति धीमी पड़ गई है, जबकि आम लोगों को ठिठुरन का सामना करना पड़ रहा है। यह मौसम किसानों के लिए वरदान साबित हो रहा है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार धुंध और ओस की बूंदों से गेहूं, जौ और सरसों की फसलों को विशेष लाभ मिल रहा है। फरवरी में बढ़ी सर्दी ने फसलों को नई जान दी है, जो पहले तेज धूप के कारण कमजोर पड़ रही थी। विशेषकर बारानी क्षेत्रों में सरसों और चने की फसल में अच्छी पैदावार की उम्मीद है। मौसम विभाग ने 3 फरवरी से मौसम में बदलाव की भविष्यवाणी की है। वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाने के साथ हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। विशेषज्ञों का मानना है कि फरवरी में तापमान औसत से अधिक रहेगा, जिससे कड़ाके की ठंड से राहत मिल सकती है। राजस्थान के उत्तर-पूर्वी क्षेत्र भरतपुर, जयपुर और बीकानेर संभाग में हल्की बारिश हो सकती है।


