जिले के भादरा उपजिला अस्पताल को यथास्थान पर रखने की मांग को लेकर शनिवार को चल रहे हस्ताक्षर अभियान के दौरान भाजपा और माकपा कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प हो गई। यह अभियान चौथे दिन भी जारी रहा, जब लोग किसान भवन के पास एकत्र होकर मानव श्रृंखला बनाकर अस्पताल को उसी स्थान पर रखने की मांग करते हुए हस्ताक्षर अभियान में भाग ले रहे थे। इस दौरान भाजपा नेता दयानंद बेरवाल के नेतृत्व में भाजपा कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए मौके पर पहुंचे और प्रदर्शन कर रहे लोगों के साथ संघर्ष करने लगे। भाजपा कार्यकर्ताओं की नाराजगी के कारण स्थिति तनावपूर्ण हो गई, जबकि मौके पर मौजूद भादरा पुलिस घटना की गंभीरता को देखते हुए कोई निर्णायक कदम उठाते हुए नजर नहीं आई। वहीं, माकपा कार्यकर्ताओं ने इस घटना के बाद कामरेड बलवान पूनिया के नेतृत्व में एसडीएम ऑफिस पहुंचकर मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में उपजिला अस्पताल को यथास्थान पर रखने, हस्ताक्षर अभियान में विघ्न डालने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने और भादरा थानाधिकारी द्वारा कथित रूप से कानून का उल्लंघन कर आरोपियों के साथ मिलीभगत की शिकायत की गई। माकपा नेताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, उनका आंदोलन जारी रहेगा। आगामी 3 फरवरी से उपखंड कार्यालय के सामने धरना शुरू किया जाएगा और अस्पताल के बाहर हस्ताक्षर अभियान भी जारी रहेगा। इस अवसर पर पंचायत समिति उप प्रधान बलवान फगेडिया, एडवोकेट सुरजीत बिजारनिया, एडवोकेट श्रवण सहारण, माकपा सचिव जे.पी. ढाका, कांग्रेस नेता शेरसिंह गोस्वामी, नगर ब्लॉक अध्यक्ष अजय ढील सहित अन्य नेताओं ने सभा को संबोधित किया और आंदोलन को समर्थन दिया।


