धुरकी | अवैध बालू कारोबार के खिलाफ पुलिस ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए पांच बालू लोड हाइवा वाहनों को जब्त किया है। गुप्त सूचना के आधार पर की गई इस कार्रवाई से क्षेत्र में सक्रिय अवैध खनन माफियाओं के बीच हड़कंप मच गया है। पुलिस की इस कार्रवाई को अवैध खनन पर रोक लगाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। इस संबंध में बताया गया कि धुरकी थाना क्षेत्र से होकर गुजरने वाली कनहर नदी से अवैध तरीके से बालू का उत्खनन किया जा रहा था। खनन माफिया बालू को हाइवा वाहनों में लादकर दूसरे स्थानों पर भेजने की तैयारी में थे। इसी बीच इस पूरे मामले की गुप्त सूचना अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) सत्येन्द्र नारायण सिंह को मिली। सूचना मिलते ही उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई का निर्देश दिया। एसडीपीओ के निर्देश पर थाना प्रभारी जनार्दन राउत के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई और छापेमारी अभियान चलाया गया। पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कनहर नदी के आसपास संदिग्ध गतिविधियों की जांच शुरू की। छापेमारी के दौरान पुलिस मौके पर पहुंची तो पाया कि पांच हाइवा वाहनों में अवैध रूप से बालू लादकर उसे बाहर भेजने की तैयारी की जा रही थी। भास्कर न्यूज | गढ़वा गढ़वा जिले में अवैध बालू उत्खनन के खिलाफ पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। गढ़वा थाना क्षेत्र के विभिन्न स्थानों पर छापेमारी कर पुलिस ने अवैध रूप से बालू का उत्खनन कर उसकी ढुलाई कर रहे 12 ट्रैक्टरों को जब्त किया है। इस कार्रवाई से अवैध खनन करने वालों में हड़कंप मच गया है। इस संबंध में थाना प्रभारी सुनील कुमार तिवारी ने बताया कि जिले में लगातार अवैध बालू उत्खनन की शिकायतें मिल रही थीं। शिकायत के आधार पर पुलिस ने विशेष अभियान चलाते हुए लापो, मेढ़ना सहित आसपास के क्षेत्रों में छापेमारी की। छापेमारी के दौरान कई ट्रैक्टर बालू लोड कर अवैध रूप से ढुलाई करते पाए गए। पुलिस ने मौके पर कार्रवाई करते हुए सभी 12 ट्रैक्टरों को जब्त कर थाना ले आई। थाना प्रभारी ने बताया कि जब्त किए गए सभी ट्रैक्टरों के संचालकों और मालिकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। साथ ही पूरे मामले की जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि अवैध बालू उत्खनन पर्यावरण और सरकारी राजस्व दोनों के लिए नुकसानदायक है, इसलिए इस तरह की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। नहीं होने देंगे अवैध खनन थाना प्रभारी ने स्पष्ट कहा कि जिले में किसी भी कीमत पर अवैध उत्खनन को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस लगातार ऐसे लोगों के खिलाफ छापेमारी अभियान चला रही है जो नियमों को दरकिनार कर बालू का अवैध खनन और परिवहन कर रहे हैं। आगे भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी। स्थानीय लोगों के अनुसार, गढ़वा जिले के कई नदी घाटों से रात के अंधेरे में या सुबह के समय अवैध रूप से बालू का उत्खनन कर ट्रैक्टरों के माध्यम से उसकी ढुलाई की जाती है। इससे न केवल सरकार को राजस्व का नुकसान होता है, बल्कि पर्यावरण पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। नदी के किनारों से अत्यधिक बालू निकालने से नदी का प्राकृतिक संतुलन भी बिगड़ने का खतरा रहता है।


