हाई कोर्ट ने परकोटे (वॉलसिटी) में बिल्डिंग बायलॉज की पालना नहीं करने और हेरिटेज से छेड़छाड़ करने वाले 19 भवनों को तत्काल सील करने का आदेश दिया है। जस्टिस इंद्रजीत सिंह और जस्टिस मनीष शर्मा की खंडपीठ ने यह अंतरिम आदेश शहर के रिहायशी क्षेत्र में व्यवसायिक गतिविधियों पर लिए गए स्वप्रेरित प्रसंज्ञान मामले में सुनवाई करते हुए दिया। दरअसल, हाई कोर्ट के निर्देश पर गठित कमेटी ने 19 भवनों को पूरी तरह से अवैध माना था। वहीं 12 भवनों को आंशिक तौर पर अवैध माना था। इन 19 भवनों में से कुछ में अवैध रूप से व्यवसायिक गतिविधियां संचालित हो रही थी। वहीं कई ने वॉलसिटी के हेरिटेज से छेड़छाड़ की थी। पालना रिपोर्ट पेश करने के निर्देश
हाई कोर्ट ने सरकार को निर्देश दिया कि इन भवनों को पूरी तरह से सील करके अदालत में 11 मार्च तक पालना रिपोर्ट पेश की जाए। खंडपीठ ने कहा कि रिहायशी क्षेत्र में अवैध निर्माण होना व व्यवसायिक गतिविधियों को संचालित करना कानूनी प्रावधानों का उल्लंघन है। सुनवाई के दौरान न्यायमित्र अधिवक्ता शोभित तिवारी ने कहा कि नगर निगम इन भवनों के खिलाफ पहले ही कार्रवाई कर चुका है और इन्हें सील कर दिया है। इस पर खंडपीठ ने कहा कि यदि पहले की कार्रवाई में कोई कमी रही है तो दुबारा इन अवैध भवनों को सील कर दिया जाए।


