भास्कर न्यूज | जांजगीर वन संरक्षण और अवैध लकड़ी परिवहन पर रोक लगाने के लिए वन विभाग ने सख्त कदम उठाते हुए जैजैपुर क्षेत्र की दो आरा मिलों को सीलबंद किया है। वनमंडलाधिकारी के मार्गदर्शन में सक्ती वन परिक्षेत्र और उड़नदस्ता की संयुक्त टीम ने औचक निरीक्षण कर यह कार्रवाई की। टीम ने तुषार गांव में हुलेश्वर कुमार साहू और जैजैपुर में गोपाल प्रसाद चंद्रा के आरा मिल पर कार्रवाई की। तुषार में 465 लट्टा अर्जुन व जैजैपुर 530 मिश्रित प्रजाति की लकड़ी जब्त की गई। औचक निरीक्षण के दौरान टीम ने आरा मिलों में रखे आवश्यक अभिलेख, वैधानिक दस्तावेज और लाइसेंस की जांच की। जांच में कई अनियमितताएं मिलने पर वन विभाग ने तत्क्षण दोनों आरा मिलों को सील कर दिया। विभाग का कहना है कि यह कार्रवाई अवैध कटाई पर रोक लगाने और लकड़ी के अवैध परिवहन को नियंत्रित करने के उद्देश्य से की गई है। वन विभाग ने स्पष्ट किया कि जंगलों की सुरक्षा, वन्य जीव संरक्षण और पर्यावरणीय संतुलन उनकी प्राथमिकता है, इसलिए नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कठोर कार्रवाई जारी रहेगी। जांच में ये खामियां मिलीं जैजैपुर क्षेत्र में छापे के दौरान कई खामियां सामने आईं। निरीक्षण में पता चला कि आरा मिल संचालक वन विभाग के नियमों और सुरक्षा मानकों का पालन नहीं कर रहे। जांच में सामने आया कि वैध लाइसेंस और दस्तावेज अपडेट नहीं रखे जा रहे थे। बाहर से आने वाली लकड़ियों का डेली रजिस्टर सही तरीके से मेंटेन नहीं था। पूरे वर्ष का स्टॉक रजिस्टर अपडेट नहीं था, जो अवैध कटाई और परिवहन पर नियंत्रण के लिए जरूरी है। सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था। मशीनों पर सुरक्षा गार्ड नहीं था।


