देवलचौरी गांव के ऐतिहासिक रामघाट पर गुरुवार को त्रेता युग जीवंत हो उठा। 121 वर्षों से चली आ रही ऐतिहासिक रामलीला के ”धनुष यज्ञ” प्रसंग के दौरान जैसे ही भगवान राम (आयुष दुबे) ने शिव धनुष ”पिनाक” का भंजन किया, पूरा परिसर जय श्री राम के जयघोष से गुंजायमान हो गया। इस दौरान रावण-बाणासुर के रोचक संवाद और फिर लक्ष्मण (शुभ सिरोठिया) व परशुराम (भारतभूषण तिवारी) के बीच हुए तीखे शास्त्रार्थ ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। दर्शकों ने सीता स्वयंवर के इस भव्य दृश्य का साक्षी बनकर कलाकारों के अभिनय की सराहना की।


