छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव ने हैदराबाद में हुई आगजनी की बड़ी दुर्घटना पर दुख जताया है। मुख्यमंत्री ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से लिखा हैदराबाद के चारमीनार के निकट हुए भीषण अग्निकांड में 17 लोगों की असमायिक मृत्यु और कई लोगों के घायल होने का हृदयविदारक समाचार प्राप्त हुआ है। मैं उन सभी दिवंगत आत्माओं के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूँ और ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि उन्हें अपने श्री चरणों में स्थान दें। साथ ही इस हादसे में घायल हुए सभी लोगों के शीघ्र और पूर्ण स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूँ। यह है पूरा मामलाहैदराबाद में चारमीनार के पास गुलजार हाउस में रविवार सुबह एक इमारत में आग लग गई। हादसे में अब तक 17 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें 8 बच्चे भी शामिल हैं। घटना के समय इमारत में 30 से ज्यादा लोग मौजूद थे। इनमें से 15 से ज्यादा लोगों को रेस्क्यू किया गया। फायर डिपार्टमेंट का कहना है कि सुबह 6:16 बजे आग लगने की सूचना मिली, जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया। कई लोग बेहोशी की हालत में मिले और करीब 10 लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस के मुताबिक, बिल्डिंग के ग्राउंड फ्लोर पर ज्वेलरी की दुकानें थीं और ऊपर के फ्लोर पर लोग रहते थे। आग दुकानों में लगी और ऊपर तक फैल गई। बिल्डिंग में सिर्फ एक संकरी सीढ़ी थी, जिससे लोग बाहर नहीं निकल सके और दम घुटने से मौत हो गई।घटना पर पीएम मोदी और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव ने घटना पर शोक जताया है। ग्राउंड फ्लोर से लगी आग दमकल विभाग के अनुसार, आग सुबह 5.30 बजे लगी। उस समय ज्यादातर लोग सो रहे थे। आग इमारत के ग्राउंड फ्लोर से शुरू हुई। फिर धुआं तेजी से पूरी इमारत में फैल गया। इससे लोगों का दम घुट गया और उनकी मौत हो गई। दमकल की 11 गाड़ियों ने बुझाई आग दमकल विभाग ने आग बुझाने के लिए 11 गाड़ियां भेजीं। ये गाड़ियां लैंगर हौज़, मुगलपुरा, गौलीगुड़ा, राजेंद्र नगर, गांधी आउटपोस्ट और सालारजंग संग्रहालय जैसे कई स्टेशनों से आई थीं। बचाव कार्य में दो बचाव टेंडर, एक ब्रोंटो स्काईलिफ्ट, तीन पानी के टैंकर और एक रोबोट भी शामिल थे। आग लगने के कारणों की जांच अभी भी जारी है।


