भास्कर न्यूज | राउरकेला चक्रधरपुर रेल मंडल के घोर नक्सल प्रभावित इलाके में स्थित बिमलगढ़–किरीबुरू रेल खंड का टोपाडीही रेलवे स्टेशन लगभग दो दशक बाद फिर जीवन से भरने वाला है। किलोमीटर संख्या 482/2–3 पर स्थित यह स्टेशन वर्ष 2006 के अंत में नक्सली हिंसा की चरम स्थिति के कारण बंद कर दिया गया था। लंबे समय तक वीरान रहने के बाद अब यहां नए रूप में निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है और स्टेशन फिर यात्रियों की आवाजाही के लिए तैयार हो रहा है। 2004 से 2006 के बीच टोपाडीही, रांगड़ा, करमपाड़ा सहित आसपास के क्षेत्रों में लगातार नक्सली हमलों ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया था। रेल पटरियों पर आईईडी विस्फोट, ट्रैक को उड़ाना, ग्रामीणों की हत्या और रेलकर्मियों को बंधक बनाने जैसी घटनाओं के बाद रेलवे ने कर्मचारियों की सुरक्षा देख टोपाडीही स्टेशन को पूरी तरह बंद कर दिया। अब बदल रही है तस्वीर सारंडा जंगल से घिरे इस स्टेशन पर नक्सल प्रभाव में भारी कमी आने के बाद रेलवे ने इसे पुनर्जीवित करने की दिशा में ठोस कदम उठाए हैं। टोपाडीही स्टेशन पर नए और बड़े स्टेशन भवन का निर्माण तेज गति से जारी है। यह भवन आधुनिक सुविधाओं, सुरक्षा मानकों और यात्रियों की आवश्यकता को ध्यान में रखकर तैयार किया जा रहा है। यदि योजना के अनुरूप कार्य समय पर पूरा होता है, तो अगले एक वर्ष के भीतर स्टेशन पूरी तरह तैयार हो जाएगा।


