भीलवाड़ा मंडल में पैमाइश शुरू, ज्यादा मिली तो नष्ट करेंगे भास्कर न्यूज | भीलवाड़ा नारकोटिक्स विभाग की ओर से अफीम वर्ष-2024-25 की पैमाइश (मैजरमेंट) शुरू हो गई है। विभाग के अधिकारी अफीम फसल की नपती के लिए काश्तकारों से खेतों में पहुुंचेंगे। अगर लाइसेंस में दी लिमिट से ज्यादा रकबे में फसल मिली तो उसे नष्ट कराया जाएगा।नारकोटिक्स विभाग भीलवाड़ा मंडल में 6633 किसानों को लाइसेंस जारी किया गया। इनमें 1210 काश्तकारों को डोडा चूरा (सीपीएस) पद्धति से खेती करने व 5423 काश्तकार अफीम का उत्पादन करेंगे। जिला अफीम अधिकारी आरके रजक के अनुसार, भीलवाड़ा मंडल में चितौडग़ढ़ जिले की बेगूं व रावतभाटा तहसील के साथ ही भीलवाड़ा जिले की कोटड़ी, बिजौलिया, मांडलगढ़ व जहाजपुर तहसील के 293 गांवों में किसान अफीम की खेती कर रहे हैं। भीलवाड़ा मंडल के लिए विभाग ने 33 दलों का गठन किया है। जिनमें 66 अधिकारी शामिल है। पैमाइश का कार्य करीब एक सप्ताह संचालित होगा। खेत की लाइव लोकेशन भी लेंगे मेजरमेंट के दौरान नारकोटिक्स विभाग के अधिकारी पहली बार अफीम खेत की लाइव लोकेशन भी लेंगे। जिससे विभाग फसल पर ऑनलाइन निगरानी भी रख सके। इसके लिए अधिकारियों को मेजरमेंट के दौरान जीपीएस रीडिंग लेने के निर्देश दिए गए।


