जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के प्रभावी क्रियान्वयन एवं लंबित आवासों को शीघ्र पूर्ण कराने के उद्देश्य से जिला पंचायत की मुख्य सीईओ प्रेमलता पद्माकर ने समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में योजना की ग्राम पंचायतवार प्रगति, अप्रारंभ एवं निर्माणाधीन आवासों की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई। बैठक के दौरान सीईओ ने आवास नोडल अधिकारियों, रोजगार सहायकों एवं आवास मित्रों से पंचायतवार जानकारी ली। विशेष रूप से उन आवासों पर चर्चा की गई, जिनका निर्माण अब तक प्रारंभ नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि ऐसे हितग्राहियों को तत्काल निर्माण कार्य प्रारंभ कराने के लिए प्रेरित किया जाए और आवश्यक तकनीकी एवं प्रशासनिक सहयोग प्रदान किया जाए। सीईओ ने सभी संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि आगामी एक सप्ताह के भीतर योजना की प्रगति में स्पष्ट सुधार दिखना चाहिए। कार्य में लापरवाही पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि यह शासन की प्राथमिकता वाली योजना है और पात्र हितग्राहियों को समय पर पक्का आवास उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है। सभी को समन्वय के साथ काम करना होगा: कहा कि 30 मार्च से पूर्व प्रारंभ किए गए प्रत्येक आवास के 90 दिवस एमआर (मस्टर रोल) कार्य समय-सीमा में पूर्ण किए जाएं। रोजगार सहायकों को अपने-अपने क्षेत्रों में लंबित एमआर कार्यों को प्राथमिकता से निपटाने की बात कही। सीईओ ने कहा कि शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति के लिए सभी को समन्वय के साथ काम करना होगा। इस अवसर पर जिला पंचायत एवं जनपद पंचायतों के अधिकारी, आवास मित्र और मैदानी अमला उपस्थित रहे।


