विदिशा के सिरोंज में एक डॉक्टर ने एक्सपायर हो चुका सिरप 6 माह के बच्चे को पिला दिया। बच्चे की तबीयत और बिगड़ गई। उसकी मौत हो गई। पुलिस प्रशासन ने डॉक्टर को हिरासत में लेकर क्लीनिक सील कर दिया है। घटना गुरुवार की है। सिरोंज के ही रहने वाले अनिल अहिरवार दोपहर में अपने बेटे हर्षित को देहली क्लीनिक पर ले गए थे। यहां डॉक्टर अजीज उद्दीन ने जांच कर कुछ दवाएं दीं। घर लौटने पर बच्चे की हालत बिगड़ने लगी और वह बेसुध हो गया। पिता दोबारा बेटे को क्लीनिक ले गया। यहां अजीज उद्दीन ने उसे सरकारी अस्पताल जाने के लिए कहा। सरकारी अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद बच्चे को मृत घोषित कर दिया। अनिल अहिरवार पुलिस और बीएमओ कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई है। क्लीनिक से एक्सपायरी दवाएं, ड्रिप मिलीं
घटना की जानकारी मिलने के बाद प्रशासन सक्रिय हुआ। रात 8 बजे बीएमओ डॉ. नीरज पंथी, डॉ. गोलू खत्री, अस्पताल स्टाफ, पुलिस बल और राजस्व अमले की एक संयुक्त टीम देहली क्लिनिक पहुंची। जांच के दौरान क्लीनिक से बड़ी मात्रा में एलोपैथिक दवाएं, इनमें एक्सपायरी दवाएं, ड्रिप और अन्य चिकित्सा उपकरण मिले, जिन्हें इस्तेमाल करने की परमिशन अजीज उद्दीन को नहीं थी। पुलिस ने डॉक्टर के बयान दर्ज किए
टीम ने पंचनामा बनाकर क्लीनिक को सील कर दिया। सिरोंज थाने में मर्ग कायम कर अजीज उद्दीन को पूछताछ के लिए बुलाया गया और उनके बयान दर्ज किए गए। बीएमओ डॉ. नीरज पंथी ने पुष्टि की है कि बच्चे को दी गई दवाओं में ‘रोगन काहू’ नामक एक सिरप भी शामिल थी, जिसकी एक्सपायरी डेट 2024 में ही निकल चुकी थी।


