अलवर के माचड़ी गांव में गुरुवार को एक पुराने कुएं को तोड़े जाने पर लोगों ने हंगामा किया। लोग सड़कों पर उतर आए और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। पुलिस भीड़ को नियंत्रित करने लगी तो पुलिसकर्मियों के साथ बहसबाजी भी हुई। प्रदर्शन में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली भी पहुंचे। जूली ने कहा- वो कुआं मेरा देखा हुआ है, इनके बुजुर्गों द्वारा उसका निर्माण कराया गया था। लेकिन इस प्रकार से किसी व्यक्ति के द्वारा कब्जा कर लिया जा रहा था, प्रशासन के लोगों के द्वारा मिलीभगत करके, चाहे इसमें पटवारी हो या थाने वाले हों या कोई और व्यक्ति हो, उन पर कार्यवाही हो और जांच करे। जिनकी भी मिलीभगत है, उन पर कार्यवाही हो, इसके लिए कलेक्टर से कहा है, दोषियों को सस्पेंड करें। एक बात जरूर कहना चाहूंगा, यह सरकार जब से आई है, ये दलितों के प्रति जवाबदेह नहीं है, दलितों का अपमान हो रहा है। कल ही परबतसर के अंदर बाबा साहब की मूर्ति तोड़ी गई। लगातार राजस्थान के अंदर चाहे दलितों पर अत्याचार की बात हो, उसमें कोई कमी नहीं आई है। प्रदर्शनकारियों ने ये 2 बड़ी बातें कहीं… जूली ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा-सीटीएच (CTH) का दायरा बढ़ाया जा रहा है, उसमें भी इन लोगों ने आपत्तियां नहीं मांगी हैं और सीधे ही उसको पारित करना चाह रहे हैं। जिसकी वजह से आने वाले समय में आम लोगों को बड़ी दिक्कत आएगी। यहां रजिस्ट्रियों पर रोक लग जाएगी, ना जमीन खरीद सकेंगे, ना बेच सकेंगे, ना मकान बना सकेंगे और कोई अन्य व्यवसायिक गतिविधियां भी नहीं हो सकेंगी। ना तो अभी ग्राम पंचायतों से कोई प्रस्ताव मांगा है, ना पंचायत समिति से मांगे हैं। आज कोटपूतली बहरोड़ पर्यावरण समिति की बैठक कलेक्टर ले रहे हैं, उन्होंने ये एजेंडा ही नहीं रखा कि किसी को सीटीएच पर कोई आपत्ति है क्या। तो ये सब चुपके-चुपके ये काम करना चाह रहे हैं, ये गलत है। इसका आम पब्लिक में भारी विरोध है, सारे लोग इसमें पिस जाएंगे। उधर ये माइनिंग एरिया खोलना चाहते हैं और गरीबों की जमीन इसके अंदर करना चाहते हैं। ये बहुत बड़ा खेल इसके अंदर हुआ है। मैं पहले भी इस मामले को लेकर ऊपर तक गया था, अब भी हम चुप बैठने वाले नहीं हैं।


