पंजाब राज्य मानवाधिकार आयोग ने 26अक्टूबर की उस घटना का स्वतः संज्ञान लिया है, जिसमें गोल्डन एवेन्यू कॉलोनी, जगीरपुर रोड में खुले सीवर मैनहोल में 10 वर्षीय बच्चा गिर गया था। आयोग ने निगम कमिश्नर को 22 जनवरी को होने वाली सुनवाई के दौरान रिपोर्ट के साथ तलब किया है। यह मामला तब आयोग के संज्ञान में आया जब 27 अक्टूबर को शिकायत दाखिल कर इसे “जन सुरक्षा में गंभीर चूक” बताया गया। स्थानीय निवासियों के अनुसार, 26 अक्टूबर को नियमित सीवर सफाई के दौरान मैनहोल का ढक्कन खुला छोड़ा गया था, जिसमें बच्चा फिसलकर गिर गया। तुरंत मौजूद एक निवासी ने बच्चे को बाहर खींच लिया और एक संभावित बड़ी दुर्घटना टल गई। कई लोगों ने घटना पर गुस्सा जाहिर किया और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। जनता के रोष के बाद नगर निगम ने सफाई कार्य में लगे कर्मचारियों को शो-कॉज नोटिस जारी किए। अधिकारियों ने बताया कि मैनहोल को डीसिल्टिंग से पहले जहरीली गैसों को बाहर निकालने के लिए खोला गया था, लेकिन उन्होंने यह स्वीकार किया कि कर्मचारियों ने बिना बैरियर या चेतावनी बोर्ड लगाए वहां से चले जाने की गलती की, जिससे यह हादसा हुआ।


